थैचर के निधन पर संवेदनाओं का सिलसिला

Image caption थैचर के निधन पर दुनिया भर से शोक संदेश आ रहे हैं

ब्रिटेन की पूर्व प्रधानमंत्री मार्गरेट थैचर के निधन पर दुनिया भर से मिल रहे शोक संवेदनाओं का सिलसिला जारी है. थैचर का सोमवार को लंदन में 87 वर्ष की आयु में निधन हो गया.

उनका शव अब लंदन के रिट्ज होटल से हटा लिया गया है जहां वो निधन से पहले रुकी हुई थीं. उनका अंतिम संस्कार अगले सप्ताह किए जाने की संभावना है.

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने जहां उन्हें 'महान ब्रिटेनवासी' कहा है वहीं अमरीका के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने थैचर को अमरीका का सच्चा दोस्त बताया. ओबामा ने कहा कि दुनिया ने "आजादी के महान पक्षधर को खो दिया है."

यादों के साए में थैचर- तस्वीरें

जर्मनी की चांसलर एंगेला मर्केल ने शीत युद्ध के खात्मे के लिए थैचर के योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी है.

भारत के प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने भी ट्विटर पर उनके निधन पर शोक संवेदना जताते हुए कहा है कि वो ऐसी महान नेता थी जिनके नेतृत्व में ब्रिटेन ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काफी प्रगति की.

थैचर की मुक्त व्यापार संबंधी आर्थिक नीतियों की अब भी आलोचना होती है जिसे उन्होंने पूरी दुनिया में प्रचारित करने की कोशिश की थी. आलोचक मानते हैं कि ब्रिटेन की वर्तमान खस्ता हालत के लिए थैचर की नीतियां कहीं न कहीं जिम्मेदार हैं.

फ्रांस के प्रधानमंत्री जीन मार्क ऐरॉल्ट ने कहा है कि अत्यधिक उदारीकरण की नीति ने दुनिया की अर्थव्यवस्था को काफी नुकसान पहुंचाया.

अंतिम संस्कार

थैचर का अंतिम संस्कार अगले सप्ताह लंदन के सेंट पॉल चर्च में सैन्य सम्मान के साथ किए जाने की संभावना है. हालांकि उन्हें राजकीय सम्मान नहीं दिया जाएगा लेकिन फिर भी उसका स्तर वही रहेगा जो राजकुमारी डायना के अंतिम संस्कार का था.

थैचर की मौत दिल का दौरा पड़ने से हुई. लंदन के रिट्ज होटल में उन्होंने अंतिम सांस ली. वो तीन बार लगातार चुनाव जीतकर ब्रिटेन की प्रधानमंत्री बनीं. वो ब्रिटेन की पहली महिला प्रधानमंत्री भी थीं.

इस बीच ब्रिटेन में आयरन लेडी थैचर के सम्मान में झंडे झुका दिए गए हैं और बुधवार को संसद में उनके योगदान पर चर्चा के लिए बैठक बुलाई गई है. वो 20 वीं शताब्दी के ब्रिटेन पर सबसे ज्यादा लंबे समय तक राज करने वाली नेता थीं.

उपलब्धियों पर विवाद

थैचर को ब्रिटेन की "आयरन लेडी" भी कहा जाता है लेकिन उनकी उपलब्धियों को लेकर आम राय नहीं है. कुछ लोग ऐसे हैं जो मानते हैं कि थैचर दूरदर्शी और मजबूत इरादों वाली नेता थीं लेकिन उनके विरोधी उनकी आर्थिक नीतियों की खासतौर से आलोचना करते हैं.

कंजर्वेटिव पार्टी के नेता और प्रधानमंत्री डेविड कैमरन ने कहा है कि थैचर ने प्रधानमंत्री का पद तब संभाला जब देश घुटनों के बल झुका हुआ था और उनके प्रयास से वो दोबारा अपने पैरों पर खड़ा हुआ.

वहीं ख़ासकर वामपंथी ट्रेड यूनियन के नेताओं का कहना है कि उनकी नीतियां समाज को बाँटने वाली और निर्माण उद्योग के लिए विनाशकारी थीं.

थैचर के बाद सत्ता संभालने वाले सर जॉन मेजर, टोनी ब्लेयर और गॉर्डन ब्राउन ने भी थैचर के निधन के बाद शोक संवेदना व्यक्त की है.

ब्रिटेन के इन तीनों पूर्व प्रधानमंत्रियों ने थैचर के राजनीतिक उद्देश्य के प्रति सम्मान जाहिर किया है. वहीं लेबर पार्टी के पूर्व नेता लॉर्ड किनॉक ने कहा कि थैचर की समाजिक-आर्थिक नीतियों ने "ब्रिटेन में कल्पना से परे नुकसान" किया है.

संबंधित समाचार