वैध वैश्यालय संबंधी सुझाव पर मेयर ने मांगी माफी

हाशिमोतो
Image caption तोरु हाशिमोतो स्पष्ट विचारों के लिए जाने जाते हैं

जापानी शहर ओसाका के मेयर ने अपने उस सुझाव के लिए माफ़ी मांगी है जिसमें उन्होंने कहा था कि अमरीकी सैनिकों और अमरीकियों को वैध वेश्यालयों का इस्तेमाल करना चाहिए. उनका कहना था कि इससे ओकिनावा में यौन अपराधों पर लगाम लगाई जा सकेगी.

कई सालों तक अमरीकी सैनिक ओकिनावा के कई हिंसक अपराधों में लिप्त रहे हैं, जिसमें बलात्कार जैसी घटनाएं भी शामिल हैं.

पिछले हफ़्ते तोरु हाशिमोतो ने कहा था कि द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान महिला यौनकर्मियों की भूमिका बेहद अहम थी. उनकी इस टिप्पणी की दुनिया भर में आलोचना हुई.

उनकी टिप्पणी के बाद ही शुक्रवार को दो पूर्व महिला यौनकर्मियों ने उनसे अपनी मुलाकात टाल दी. राष्ट्रवादी जापान रेस्टोरेशन पार्टी के प्रमुख सदस्य, हाशिमोतो ने अपनी टिप्पणी के लिए माफी मांगी है.

गलत बयान

उन्होंने एक टीवी साक्षात्कार में यह स्वीकार किया कि उनकी टिप्पणी में यौन कारोबार शब्द उपयुक्त नहीं था.

पिछले साल दो अमरीकी सैनिकों ने ओकिनावा में एक जापानी महिला का बलात्कार किया था. उसी घटना की वजह से जापान में अमरीकी सेना कर्फ्यू के दायरे में थी.

Image caption ओकिनावा में अमरीकी सैनिकों की मौजूदगी लंबे अरसे से रही है

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान अमरीका ने इस द्वीप पर धावा बोला था तब से ही ओकिनावा में अमरीकी सैनिकों की मौजूदगी रही है.

हाशिमोतो ने 13 मई को यह कहकर जापान के पड़ोसी देशों के गुस्से को भड़का दिया कि महिला यौनकर्मियों की वजह से ही जापानी सैनिकों को ‘आराम’ करने का मौका मिल पाया.

(विश्वयुद्ध में वेश्याओं का इस्तेमाल सही था?)

द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान जापान ने आसपास के इलाके से करीब 200,000 महिलाओं को अपने कब्जे में लेकर उन्हें सेना के लिए यौनकर्मी बनने के लिए मजबूर किया था. उनमें से कई महिलाएं न केवल चीन और दक्षिण कोरिया बल्कि फिलिपींस, इंडोनेशिया और ताइवान से आई थीं.

जापानी सरकार ने इस मसले पर 1993 में एक औपचारिक माफ़ीनामा जारी किया था. इस बार भी जापान की सरकार ने ओसाका के मेयर की टिप्पणी से ख़ुद को अलग रखा है.

अमरीकी सरकार के विभाग ने उनके शब्दों की आलोचना करते हुए कहा है कि उनके शब्द ‘घृणित और अपमानजनक’ हैं.

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