चीन: बड़ी स्क्रीन पर चली पोर्न फ़िल्म

  • 3 जुलाई 2013
चीन में चली पोर्नोग्राफ़िक फ़िल्म
Image caption चीन के जिलिन प्रांत में पब्लिक स्क्वेयर पर ग़लती से एक प्रतिबंधित फ़िल्म का प्रसारण हो गया.

पोर्नोग्राफ़ी में शुमार एक प्रतिबंधित फ़िल्म को ग़लती से चीन के एक सार्वजनिक चौक पर प्रसारित कर दी गई.

जिलिन प्रांत में ये घटना हुई. भौचक्के लोग 10 मिनट तक बड़े एलईडी स्क्रीन पर इस फ़िल्म को देखते रहे.

चीनी मीडिया के मुताबिक 'ज़िन जिन पिंग मे' नाम की इस फ़िल्म पर सरकार पहले ही प्रतिबंध लगा चुकी है.

दरअसल हुआ ये कि एक टेक्नीशियन इस फ़िल्म को अपने कंप्यूटर पर देख रहा था, जो बड़े एलईडी पर्दे से जुड़ा था. इस टेक्नीशियन को स्क्रीन ठीक करने का ज़िम्मा दिया गया था.

स्क्रीन की मालिक विज्ञापन कंपनी ने टेक्नीशियन को इस घटना के बाद तुरंत हटा दिया.

चीनी मीडिया के मुताबिक युआन मोऊ नाम के इस टेक्नीशियन ने गड़बड़ी का पता चलते ही अपने कंप्यूटर को स्क्रीन से अलग कर डिस्क को फेंक दिया.

आग की तरह फैली ख़बर

हालांकि तब तक ग़लती से इस फ़िल्म के प्रसारण की ख़बर फैल चुकी थी और जिलिन रेलवे स्टेशन के पास मेन स्क्वेयर में फ़िल्म को चलते हुए लोगों ने देखा और उसकी फ़ोटो खींचकर उन्हें इंटरनेट पर डाल दिया.

बताया जाता है कि ये घटना पिछले हफ़्ते की है और पुलिस इस मामले में जांच कर रही है.

चीनी माइक्रोब्लॉगरों ने शुरू में इस घटना पर आश्चर्य जताया. माइक्रोब्लॉगर एक्सक्लूसिव टाइटिल ने फ़िल्म 'ज़िन जिन पिंग मे' को 'हॉन्गकॉन्ग की क्लास ए फ़िल्म' यानी वयस्कों के लिए करार दिया है.

दूसरे यूज़र ओरियंटल एंपरर ने लिखा, 'किसी अधिकारी का सेक्स टेप तो प्रसारित हुआ नहीं है, तो इसमें बड़ी बात क्या है?' इस यूज़र का इशारा हाल ही में पूर्व चॉन्गगिंग अधिकारी के सेक्स टेप के मामले को लेकर था.

हॉन्गकॉन्ग में रीमेक

फ़िल्म 'ज़िन जिन पिंग मे' 17वीं सदी के एक चीनी उपन्यास पर आधारित फ़िल्म है, जिसे 'प्लम इन द गोल्डन वेस' के नाम से जाना जाता है. जिस फ़िल्म का प्रसारण हुआ है उसे हॉन्गकॉन्ग में बनी रीमेक बताया गया है, जिसका अंग्रेज़ी नाम 'फॉरबिडन लेजेंड: सेक्स एंड चॉपस्टिक्स' नाम दिया गया था.

चीन में फ़िल्मों के प्रसारण पर कड़े क़ानून लागू होते हैं. इनमें राजनीतिक रूप से संवेदनशील फ़िल्में तो हैं ही, कुछ पोर्नोग्राफ़िक फ़िल्मों को लेकर भी सरकार काफ़ी सतर्क रहती है.

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