बलात्कार के लिए 'लड़कियां भी जिम्मेदार'!

एडी शाह
Image caption एडी शाह बलात्कार के मामले में हुए हैं बरी

एक ब्रितानी अख़बार के पूर्व मालिक एडी शाह का कहना है कि सहमति से यौन संबंध बनाने वाली कम उम्र की लड़कियों को अगर किसी दुर्व्यवहार या यौन उत्पीड़न का सामना करना पड़ता है तो उसके लिए उन्हें भी दोषी ठहराया जा सकता है.

हाल ही में शाह को एक स्कूली लड़की का बलात्कार करने के आरोपों से बरी किया गया है. उन पर आरोप था कि लंदन के होटल में कथित तौर पर बलात्कार के समय लड़की की उम्र 12 और 15 वर्ष के बीच थी.

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शाह का कहना है कि खुद को सेलिब्रिटीज़ के सामने ‘फेंकने वाली’ 16 वर्ष से कम उम्र की लड़कियों के बलात्कार के आरोप 'तकनीकी' हो सकते हैं.

लेकिन ‘नेशनल एसोसिएशन ऑफ पीपल अब्यूज़्ड इन चाइल्डहुड’ नाम की संस्था का कहना है कि बलात्कार हमेशा से एक अपराध है.

लेकिन शाह ने बीबीसी से कहा, “अगर हम उन लड़कियों के बारे में बात करें जो बाहर जाती हैं और अच्छा वक्त बिताती हैं तो उन्हें भी दोषी ठहराया जाना चाहिए.”

लड़कियों की मनमर्जी

शाह ने बलात्कार के मामले में जूरी के सामने कहा कि उनके और स्कूली छात्रा के बीच कोई संपर्क नहीं था. पिछले महीने ओल्ड बेली की अदालत में उन्हें दोषमुक़्त कर दिया गया.

'रेडियो 5 लाइव' के प्रस्तोता स्टीफ़न नोलन के साथ बातचीत में शाह ने बलात्कार पर ताज़ा टिप्पणी तब दी जब स्नेयरब्रुक क्राउन अदालत के मुकदमे में एक 13 साल की लड़की को ‘हिंसक’ और यौन संबंधी विषयों में ‘अनुभवी’ करार देने पर एक अभियोक्ता को निलंबित कर दिया गया और एक न्यायाधीश पर जांच शुरू कर दी गई.

शाह ने कहा, “एक निश्चित उम्र के बाद बलात्कार काफ़ी तकनीकी हो जाता है. ये लड़कियां मशहूर लोगों के पास जाती हैं और ख़ुद ही अपने आपको उनके हवाले कर देती हैं.”

उनके अनुसार, “युवक और युवतियां अपनी ज़िंदगी को काफी रोमांचक तरीक़े से जीना चाहते हैं. वे व्यस्क दिखना चाहते हैं और उसी उम्र के लोगों की तरह चीजे़ करना चाहते हैं.”

हिफ़ाज़त की ज़िम्मेदारी

Image caption कई संगठनों का कहना है कि नाबालिग बच्चे भले ही मनमर्जी से कोई काम करें लेकिन क़ानून की ज़िम्मेदारी उनकी हिफ़ाज़त करना है

उन्होंने कहा, “जब हम उन लड़कियों की बात करते हैं जो बाहर जाती हैं और सचमुच उनका बलात्कार किया जाता है तब मुझे महसूस होता है कि नहीं, इसके ख़िलाफ़ कुछ होना चाहिए.”

उन्होंने बताया कि जब इस मामले में उनकी गिरफ़्तारी हुई तब उनके मन में आत्महत्या का विचार भी आया.

उन्होंने कहा, “मैं हर रात आत्महत्या करने के विभिन्न तरीकों के बारे में सोचा करता था.”

हालांकि 'नेशनल एसोसिएशन ऑफ पीपुल अब्यूज़्ड इन चाइल्डहुड' के मुख्य कार्यकारी पीटे सॉन्डर्स ने शाह के बयान की आलोचना की है.

रेडियो 5 लाइव से बातचीत में सॉन्डर्स ने कहा, “मैं एडी से मिलना चाहूंगा और मैं उनसे कहूंगा कि वो मुझे या किसी बलात्कार पीड़िता को यह समझाएं कि ‘बलात्कार’ से वह क्या समझते हैं क्योंकि मेरी समझ से बलात्कार हमेशा एक अपराध होता है. ”

'चाइल्ड एक्सप्लॉयटेसन ऐंड ऑनलाइन प्रोटेक्शन' के पूर्व मुख्य कार्यकारी जिम गैंबल ने भी उनके विचारों का समर्थन करते हुए कहा है, “आख़िरकार एक बच्चा तो बच्चा ही होता है और क़ानून बच्चे की हिफ़ाज़त करने के लिए होता है.”

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