'बिगड़ैल बच्चे' बनते हैं बड़े कारोबारी?

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Image caption ऑली ऑल्सन पढ़ाई से ज़्यादा घूमने-फिरने में दिलचस्पी रखते थे.

ऑली ऑल्सन जब 10 साल के थे, तब उनके हेड टीचर ने उनकी स्कूल रिपोर्ट में लिखा, "अब तक मैंने जितने छात्रों को पढ़ाया है उनमें ऑली सबसे खराब छात्र है, लेकिन शायद एक दिन वो रॉल्स-रॉयस में घूमेगा."

ऑली ऑल्सन अब 40 साल के हैं. लंदन में उनकी प्रॉपर्टी कंपनी द ऑफिस ग्रुप में 80 कर्मचारी काम करते हैं.

ऑल्सन की कंपनी दफ़्तर के लिए जगह मुहैया कराती है औऱ इसकी सालाना आमदनी ढाई करोड़ पाउंड यानी क़रीब 250 करोड़ रुपए हैं.

स्कूली पढ़ाई में उनकी बिलकुल दिलचस्पी नहीं थी. स्कूल में वो कैंडी बेचते थे. फुटबॉल मैचों पर शर्त लगाते थे और कक्षाओं में नहीं जाते थे.

ऑल्सन संपत्ति के अपने कारोबार में सफल माने जाते हैं.

ऑल्सन कहते हैं, "मैं कुछ हासिल करना चाहता था और ये साबित करना चाहता था कि मैं यह कर सकता हूं. मैं अपने शिक्षकों को यह साबित करना चाहता था कि मैं भी कामयाब हो सकता हूं."

उद्यमियों में आप जितना सोचते हैं, ऑल्सन का अनुभव उससे ज़्यादा सामान्य मिलेगा.

बग़ावती तेवर ज़रूरी?

नए शोध से पता चलता है कि बग़ावती तेवरों से किशोरों को कीमती अनुभव मिलता है. इसकी जांच के लिए जर्मनी और स्वीडन के शोधकर्ताओं ने स्वीडन के एक क़स्बे से एक हज़ार बच्चों पर 40 साल से ज़्यादा समय तक अध्ययन किया.

Image caption बिल गेट्स को साल 1977 में बगैर लाइसेंस ड्राइविंग के आरोप में गिरफ्तार किया गया था.

उन्होंने पाया कि उन लोगों की तुलना में जिन्होंने कारोबार की शुरुआत नहीं की, उद्यमियों का उनके लड़कपन में बर्ताव ज़्यादा असामाजिक था.

शोधकर्ता जिन बातों को असामाजिक मानते हैं, वो कुछ इस तरह हैं:

  • घर से देर तक बाहर रहना
  • ग़ैरहाज़िर रहना
  • परीक्षाओं में नकल करना
  • शराब पीना
  • मारिजुआना का सेवन
  • दुकानों से सामान चुराना
  • मटरगश्ती करना

मगर ज़्यादा गंभीर आपराधिक बर्ताव से भविष्य के कारोबारी हुनर का पता नहीं चलता. इसके अलावा असामाजिक व्यवहार और कारोबारी हुनर का रिश्ता सिर्फ़ पुरुष उद्यमियों पर ही लागू हुआ पाया गया.

'बुरे लड़के'

शोधकर्ताओं को इसका कोई सुबूत नहीं मिला कि परिवार या स्कूल में परेशान करने वाली लड़कियां अपनी कंपनी शुरू करेंगी.

जेना यूनिवर्सिटी के डॉक्टर मार्टिन ऑब्शोन्का इस शोध में शामिल थे. उनका कहना है, "उद्यमी अक्सर इस तरह नियम तोड़ते हैं कि वो लाभकारी हों."

उनके शोध से पता चला कि जवानी से पहले के सालों में बग़ावती रवैये के हल्के लक्षण भी इस उपयोगी हुनर की शुरुआत हो सकते हैं.

डॉक्टर ऑब्शोन्का कहते हैं, "आंकड़ों से पता चलता है कि सामाजिक मान्यताओं के खिलाफ बग़ावती रवैया और सीमाओें पर जल्दी सवाल उठाने से ही आपराधिक या असामाजिक करियर तय नहीं होता."

वो कहते हैं, "बल्कि ये लाभकारी और सामाजिक तौर पर मान्य उद्यम का आधार हो सकता है."

गेट्स हुए थे गिरफ़्तार

Image caption डग रिचर्ड का कहना है कि उद्यमियों की कोई किस्म नहीं होती.

अपनी रिपोर्ट में डॉक्टर ऑब्शोन्का ने माइक्रोसॉफ्ट संस्थापक बिल गेट्स का ज़िक्र किया है.

बिल गेट्स को 22 साल की उम्र में लालबत्ती तोड़ने और बगैर लाइसेंस के कार चलाने के जुर्म में गिरफ़्तार किया गया था.

स्कूल ऑफ़ स्टार्टअप के संस्थापक डग रिचर्ड इस छवि को खारिज करते हैं.

वो एक एंजेल इनवेस्टर हैं यानी वो शख़्स जो दूसरों को अपनी कंपनी खड़ी करने में मदद करता है.

डग रिचर्ड कहते हैं, "लोग कई जगहों से आते हैं और आखिर अपना कारोबार शुरू करते हैं और सफलता हासिल करते हैं."

डग रिचर्ड कहते हैं कि उद्यमियों की कोई किस्म नहीं होती.

वो कहते हैं, "एक अच्छा आइडिया, लगातार कोशिश करना और थोड़ी सी किस्मत कारोबार में कामयाबी के लिए ज़रूरी है."

'बेवकूफ नहीं'

प्रोफ़ेसर पीटर सैविल लंबे समय से कारोबारियों को मिलने वाली प्रेरणा में दिलचस्पी लेते रहे हैं. वो इस नए शोध का समर्थन करते हैं.

उनका मानना है कि किशोरावस्था में बग़ावती तेवर "ऊर्जा और उत्साह" की ओर इशारा करते हैं और उद्यमी सामान्य तौर पर ''बेवकूफ़ नहीं होते कि बड़े अपराध करें.''

लेकिन इस पर आखिरी राय ऑली ऑल्सन की होनी चाहिए.

ऑली ऑल्सन कहते हैं कि को-फाउंडर चार्ली ग्रीन के बगैर उनकी कंपनी इतनी कामयाब नहीं होती. चार्ली ग्रीन ने स्कूल में अच्छा प्रदर्शन किया, वो यूनिवर्सिटी गए और अपने माता-पिता को कम परेशान किया.

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