आर्थिक असमानता पर कार्रवाई का वादा: ओबामा

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अमरीका के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने कहा है कि आर्थिक असमानता से निपटने के लिए ज़रूरत हुई तो वह बँटी हुई अमरीकी संसद को नज़र अंदाज़ भी करेंगे.

ये बात ओबामा ने देश के नाम अपने सालाना भाषण में कही.

भाषण में राष्ट्रपति ने आर्थिक असमानता कम करने की भी बात कही और ये भी कहा कि निवेश के लिहाज़ से दुनिया में अब चीन की जगह अमरीका सबसे बेहतरीन देश है.

ओबामा ने वादा किया कि लोगों को ज़्यादा मौके देने के लिए जहां तक मुमकिन हो, वह 'क़ानून के बिना ही कदम उठाएंगे'.

'बिना क़ानून के भी कदम'

राष्ट्रपति के कार्यालय व्हाइट हाउस ने कहा है कि ओबामा एक आदेश जारी करेंगे जिसके तहत नए सरकारी कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों की न्यूनतम मजदूरी 10 डॉलर 10 सेंट यानी लगभग 630 रुपये प्रति घंटा होगी.

डेमोक्रेटिक पार्टी के बराक ओबामा की लोकप्रियता में हाल के दिनों में काफ़ी कमी आई है.

इस भाषण में बराक ओबामा ने कहा, "चलिए, इस साल को काम करने का साल बनाएं."

राष्ट्रपति के मुताबिक चार साल के आर्थिक विकास और कॉरपोरेट जगत में बेहतर मुनाफ़े के बावजूद असमानता बढ़ी है और ज़िंदगी बेहतर करने की प्रक्रिया में रुकावट आई है. उन्होंने "विकास को तेज़ करने, मध्यम वर्ग को मज़बूत करने और उन्हें नए मौके देने के लिए ठोस और व्यावहारिक प्रस्ताव'' सुझाए.

ओबामा ने कहा, "अमरीका कभी रुकता नहीं है और मैं भी नहीं रुकूंगा. इसलिए जब कभी और जहां भी मैं फैसले ले सकता हूं, मैं क़ानून के बिना भी अमरीकी परिवारों के लिए मौके बढ़ाने के लिए कदम उठाऊँगा."

बराक ओबामा को दोबारा राष्ट्रपति बने हुए एक साल से कुछ ज़्यादा समय ही हुआ है. उन्हें विपक्षी रिपब्लिकन पार्टी से कड़े विरोध का सामना करना पड़ रहा है. रिपब्लिकन पार्टी का प्रतिनिधि सभा या निचले सदन पर नियंत्रण है और उसके पास ऊपरी सदन में भी अच्छी संख्या में सदस्य हैं जो ओबामा के फैसलों को रोक सकते हैं. ऐसे में अपने कार्यकाल के तीन साल बचे होने पर भी ओबामा पर संसद में नज़र अंदाज़ होने का ख़तरा है.

बेरोज़गारी भत्ता

राष्ट्रपति ने अमरीकी संसद से बेरोज़गारी बीमा फिर से शुरु करने की अपील की. हाल ही में लगभग 16 लाख लोगों का बेरोज़गारी भत्ता बंद हुआ था.

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उन्होंने प्राथमिक शिक्षा, विश्वविद्यालय स्तर पर बेहतर शिक्षा और काम की जगहों पर महिलाओं के लिए समान मौकों की भी बात की.

बराक ओबामा ने निचले सदन में बहुमत वाली रिपब्लिकन पार्टी से अमरीकी आप्रवासन प्रणाली में सुझाए बदलावों का समर्थन करने के लिए कहा जिससे ''हमारा देश व्यापार के लिए एक ज़्यादा आकर्षक जगह बनेगा और सभी के लिए नौकरियां होंगी."

पिछले साल अमरीकी संसद के ऊपरी सदन ने एक विधेयक पारित किया था जिसके तहत अमरीका में मौजूद ऐसे लगभग एक करोड़ दस लाख आप्रवासियों को नागरिकता देने का रास्ता सुझाया गया है जिनके पास कोई दस्तावेज़ नहीं हैं.

संसद के निचले सदन ने अब तक इस विधेयक पर मतदान करने से इनकार किया है.

विदेश नीति

विदेश नीति के मुद्दे पर बराक ओबामा ने अपने भविष्य की ज़िम्मेदारी ले रहे एकीकृत अफ़ग़ानिस्तान को समर्थन देने और सीरिया में "चरमपंथी गुटों का विरोध'' करने वाले विपक्ष का साथ देने का वादा किया.

ईरान पर राष्ट्रपति ने कहा कि अमरीकी कूटनीति और दबाव ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर रोक लगाई है और कहा कि इस मुद्दे पर एक स्थाई समझौते पर हो रही बातचीत को कामयाब होने का मौका देना चाहिए.

उन्होंने कहा कि वह ऐसे किसी भी नए प्रतिबंध पर रोक लगाएंगे जिससे ईरान मुद्दे पर बातचीत में रुकावट आने का ख़तरा हो. ओबामा ने ये भी कहा कि निवेश के लिए चीन अब दुनिया का सबसे बेहतरीन देश नहीं रहा. बल्कि वो देश अब अमरीका है.

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