मार्केज़ की याद में डूबे मैक्सिको-कोलंबिया वासी

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मैक्सिको और कोलंबिया वासी सार्वजनिक आयोजन में नोबेल पुरस्कार विजेता लेखक गैब्रियल गार्सिया मार्केज़ को अपनी श्रृद्धांजलि दे रहे हैं. मार्केज़ का निधन मैक्सिको में गुरुवार को 87 साल की उम्र में हुआ था.

मैक्सिको और कोलंबिया के राष्ट्रपति मैक्सिको सिटी में आयोजित समारोह में शरीक हुए. बीते तीन दशक से मार्केज़ इस शहर में रह रहे थे.

मार्केज़ के अवशेष के साथ उनके घर से निकला जुलूस मैक्सिको की राजधानी के हिस्टोरिक सेंटर में जमा हुआ, जहां प्रार्थना सभा आयोजित हुई.

उनके अवशेष को केंद्र के मैजेस्टिक प्लेस ऑफ़ फ़ाइन आर्ट्स के मंच पर रखा गया, जहां लोगों ने अपने प्रिय लेखक को श्रदांजलि दी.

मार्केज़ को पीला गुलाब बेहद पसंद था और इसलिए प्रार्थना की जगह पर हर ओर पीले गुलाब नजर आ रहे थे. उनकी लिखे प्रसिद्ध रचनाओं का पाठ भी किया गया.

मार्केज़ की पत्नी मर्सिडीज़ बार्चा और उनके दोनों बेटों रोड्रिगो और गोंजालो के साथ उनके हज़ारों प्रशंसकों ने उन्हें याद किया.

इस आयोजन में मैक्सिको के राष्ट्रपति इनरिक पेना नाएटो और कोलंबिया के राष्ट्रपति जुआन मैनुएल सांटोस भी शामिल हुए हैं.

कोलंबिया से रिश्ता

सांटोस ने बीबीसी के विल ग्रांट के साथ की गई ख़ास बातचीत में कहा, "हमारे इतिहास में मार्केज़ संभवत सबसे महान कोलंबियाई थे. दुनिया मार्केज़ के चलते कोलंबिया को जानती है. वे कई मायनों में कोलंबिया का प्रतिनिधित्व करते थे. उनका जादुई यर्थाथ जिसके बारे में वे ख़ुद कहा करते थे यह मौलिक नहीं है, बल्कि यह कोलंबियाई जीवनशैली का विवरण है."

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Image caption मार्केज़ की पत्नी और अपने दोनों बेटों के साथ प्रार्थना सभा में.

इससे पहले मार्केज़ के गृह शहर कोलंबिया के आराकाटाका के निवासियों ने अपने प्रिय लेखक को भावभीनी श्रदांजलि दी. यह शहर उनके सबसे मशहूर उपन्यास वन हंड्रेड इयर्स ऑफ़ सॉलिट्यूड का प्रेरणास्त्रोत रहा.

स्थानीय निवासी इल्विया विज़कोन्ट के मुताबिक मार्केज़ को आने वाली कोलंबियाई पीढ़ी भुल नहीं पाएगी.

इल्विया ने समाचार एजेंसी एपी को बताया, "वे आराकाटका के लिए सबसे महत्वपूर्ण शख़्स थे. उन्होंने आने वाली पीढ़ी के अपने उपन्यास और कहानियों के जरिए बेमिसाल विरासत सौंपी है."

मंगलवार को कोलंबियाई सरकार मार्केज़ की याद में राजधानी बोगोटा के मुख्य चर्च में आधिकारिक आयोजन करने वाली है, जिसका टेलीविजन पर सीधा प्रसारण होगा.

इसके बाद बुधवार को कोलंबिया के सैकड़ों पुस्तकालय, पार्क और विश्वविद्लाय कैंपसों में मार्केज़ के उपन्यास नो वन राइटर्स टु द कर्नल का पाठ किया जाएगा.

दुनिया भर में लोकप्रिय

बोगोटा स्थित बीबीसी संवाददाता आर्टोरो वालेस के मुताबिक कोलंबिया के कुछ लोगों में इस बात को लेकर निराशा दिखी कि मार्केज़ की याद में पहला मुख्य आयोजन उनका जन्मस्थान कोलंबिया के बदले मैक्सिको में हुआ.

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हालांकि कोलंबियाई लोगों को यह स्वीकार करना होगा कि मार्केज़ ने मैक्सिको को अपना घर बना लिया था, हालांकि कोलंबियाई वे आते जाते रहे थे.

मार्केज़ 1981 में तब कोलंबिया छोड़कर मैक्सिको में जा बसे, जब उनसे सेना वामपंथी गुरिल्लों से संबंध के चलते उनसे पूछताछ करना चाहती थी.

मार्केज़ को स्पेनिश भाषा का सबसे बेहतरीन लेखक माना जाता है. उनके निधन के बाद दुनिया भर में समान सोच वाले लेखकों, राजनीतिज्ञों और सांस्कृतिक कर्मियों ने उन्हें याद किया.

उनका अंतिम संस्कार मैक्सिको सिटी में परिजनों की उपस्थिति में पिछले सप्ताह किया गया था.

उन्होंने अपने जादुई यर्थाथ भरे लेखन से लातिन अमरीकी ख़ूबसूरती और जीवनशैली का परिचय दुनिया भर से कराया.

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