इंडोनेशिया की नौ ख़ास बातें

  • 14 जनवरी 2016
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Image caption इंडोनेशिया की जनसंख्या साढ़े पच्चीस करोड़ से ज़्यादा है

इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता गुरुवार को बम धमाकों से दहल उठी. लेकिन इन धमाकों के अलावा भी इंडोनेशिया के बारे में कुछ जानने को बहुत कुछ है. द्वीपों के इस देश के बारे में कुछ दिलचस्प जानकारियां.

मलेशिया और ऑस्ट्रेलिया के बीच हज़ारों द्वीपों पर फैले इंडोनेशिया में मुसलमानों की सबसे ज़्यादा जनसंख्या बसती है. ये पूर्वी एशिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है.

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जातीय तौर पर ये विविधताओं से भरा देश है जिसमें 300 से ज़्यादा स्थानीय भाषाओं का इस्तेमाल होता है. ग्रामीण शिकारियों और घुमंतुओं से लेकर आधुनिक शहरी अभिजात्य वर्ग तक का बसेरा है इंडोनेशिया में.

इंडोनेशिया में किसी और देश की तुलना में सबसे ज़्यादा द्वीप हैं, चौदह हज़ार से भी ज़्यादा.

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Image caption इंडोनेशिया दुनिया का चौथा सबसे ज्यादा आबादी वाला देश है

इसकी अनुमानित जनसंख्या 25.5 करोड़ से ज़्यादा है और ये दुनिया की चौथी सबसे बड़ी आबादी वाला देश है.

इंडोनेशिया इस क्षेत्र की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है और दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के समूह जी-20 का सदस्य भी है.

देश में उपभोक्ताओं की बड़ी तादाद, समृद्ध प्राकृतिक संसाधन और राजनीतिक स्थिरता निवेशकों को आकर्षित करती है.

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Image caption माउंट मेरापी इंडोनेशिया में केंद्रीय जावा में स्थित है

लेकिन ख़राब मूलभूत सुविधाएं, भ्रष्टाचार और आर्थिक संरक्षणवाद की बढ़ती मांग से अक्सर निवेशक हतोत्साहित भी होेते हैं.

भौगोलिक तौर पर इंडोनेशिया भूकंप और ज्वालामुखी विस्फोट के प्रति संवेदनशील है. 2004 में समुद्र में आए भारी भूकंप ने पूरे द्क्षिण और पूर्व एशिया के तटीय इलाक़ों को तबाह कर दिया था.

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हिंद महासागर में आए इस सूनामी में क़रीब 220,000 इंडोनेशियाई लोग मारे गए या लापता हो गए.

पिछले कुछ सालों में चरमपंथी इस्लामिक संगठनों ने यहां भी अपनी मौजूदगी दर्ज की है. कुछ पर अल-क़ायदा से जुड़े होने का आरोप है.

इसमें वो संगठन भी शामिल है जिन पर वर्ष 2002 में बाली में विस्फोट करने का आरोप है. इन विस्फोटों में 202 लोग मारे गए थे.

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Image caption 14 जनवरी को इंडोनेशिया की राजधानी कई बम विस्फोटों से दहल उठी

देश के कई प्रांतों में स्वतंत्रता की मांग भी उठती रही है.

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