सीरिया में युद्धविराम के लिए ओबामा की अपील

बराक ओबामा इमेज कॉपीरइट AP

अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के साथ ब्रिटेन, फ्रांस, जर्मनी और इटली के नेताओँ ने सीरिया में जंग लड़ रहे पक्षों से युद्धविराम का पालन करने की अपील की है.

इन नेताओं का मकसद शांतिवार्ता को कारगर बनाना है.

युद्ध रोकने की अपील जर्मन शहर हनोफ़र में इन नेताओं की मुलाक़ात के बाद आई है.

यूरोप में नाटो सेना के पूर्व सुप्रीम कमांडर एडमिरल जेम्स स्टारविडिस ने कहा है कि अमरीका को ईराक़ और सीरिया में और फौज भेजनी चाहिए.

पूर्व सैन्य कमांडर ने सीरिया में महज ढाई सौ अतिरिक्त सैनिकों को भेजने के ओबामा के फैसले की आलोचना की है.

जेम्स स्टार वीडिस ने कहा है, ‘’हमें निश्चित रूप से 10 से 15 हज़ार अमरीकी और संयुक्त सेना की ज़रूरत इराक़ से बाहर है जिससे कि एक तरफ इराक़ में समीकरणों को संतुलित करने के साथ ही सीरिया में जो कुछ हो रहा है उसे भी संभाला जा सके ऐसे में मुझे लगता है कि थोड़ा थोड़ा आगे बढ़ने की नीति आखिर में बोझ बढ़ा देगी.’’

इमेज कॉपीरइट AFP

युद्धविराम का एलान होने के बाद शुरूआत में हिंसा थोड़ी कम हुई लेकिन अलेप्पो में बीते दिनों तेज हुई हिंसा के बाद यह टूटने की कगार पर पहुंच गई है.

अलेप्पो में भारी फायरिंग के बीच 18 लोगों के मरने की ख़बर आ रही है.

सीरिया से आ रही ख़बरों में कहा जा रहा है कि सरकारी नियंत्रण वाले इलाक़ों में विद्रोहियों के रॉकेट हमले में 14 लोगों की जान गई है.

इमेज कॉपीरइट Reuters

सरकारी समाचार एजेंसी का कहना है मिसाइलों ने आसपास की पांच इमारतों को निशाना बनाया. मरने वालों में बच्चे भी शामिल हैं.

ब्रिटेन की सीरियन ऑब्ज़र्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स का कहना है कि विद्रोहियों के क़ब्ज़े वाले अलेप्पो के इलाकों में भी जानमाल की क्षति हुई है.

सरकारी सेना की फायरिंग में कम से कम चार लोग मारे गए हैं.

सेना और ज़्यादातर विद्रोही गुटों के बीच युद्धविराम पर सहमति के बावजूद अलेप्पो में हिंसा तेज़ हो गई है.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए यहां क्लिक करें. फ़ेसबुक और ट्विटर पर भी फ़ॉलो कर सकते हैं.)