'हम मदद करने गए, उन्होंने गोली चला दी'

  • 4 जुलाई 2016

बांग्लादेश की राजधानी ढाका के एक कैफे में शुक्रवार की रात हुए हमले में एक भारतीय लड़की समेत 22 लोगों की मौत हो गई थी. इस हमले में तीस लोग घायल भी हुए थे.

बांग्लादेश में दो दिन के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की गई है.

इस हमले में घायल हुए एक पुलिस अधिकारी ने बीबीसी को बताया, "जब हमारी टीम वहां पहुंची तो वहां एक आदमी रो रहा था. वह मदद मांग रहा था. उसने कहा, मैं ड्राइवर हूं, मेरी मदद करो."

( घटना से जुड़ा वीडियो यहां देखें)

उन्होंने बताया, "यह सुनकर जैसे ही हम उनके पास पहुंचे उन लोगों (चरमपंथियों) ने हम पर गोलियां चलानी शुरू कर दीं."

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उन्होंने बताया कि उन्होंने भागकर एक दीवार के पीछे पोजीशन ली, और जवाबी गोलियां चलाईं.

घायल पुलिस अधिकारी ने बताया, "इसके बाद उन लोगों ने गोलियां चलानी बंद कर दीं. हमने भी फायरिंग बंद कर दी. हममें से कई लोगों को गोलियां लगी थीं."

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