बेगम अख़्तर की 42 वीं पुण्यतिथि पर रेहान फ़ज़ल की विवेचना

बेगम अख़्तर की शास्त्रीय संगीत पर पकड़, उर्दू शायरी की समझ, ग़ज़ब की आवाज़ और ज़बरदस्त गायकी का अब तक कोई सानी नहीं नहीं मिलता. उनकी 42 वीं पुण्यतिथि पर उनके जीवन से जुड़े कुछ प्रसंगों को याद कर रहे हैं रेहान फ़ज़ल विवेचना में