हिंसा की आग में ख़ाक हो गई रोजी-रोटी
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'मेरा बेटा रोता रहा, एसपी अंकल शोरूम बचा लीजिए'

  • 6 अप्रैल 2018

26 मार्च को रामनवमी के जुलूस के दौरान बिहार के औरंगाबाद में कई दुकानों को आग लगा दी गई.

बहुत से लोगों की रोजी रोटी राख के ढेर में तब्दील हो गई.

इन दंगों का शिकार औरंगाबाद के इमरोज़ ख़ान भी हुए. इमरोज़ का औरंगाबाद में जूते का शोरूम था. इमरोज़ बताते हैं कि वो खाड़ी के देशों से पैसा कमाकर लौटे थे और ये शोरूम खोला था. लेकिन दंगाइयों ने इसे जला दिया.

सुनिए इमरोज़ ख़ान से बीबीसी संवाददाता रजनीश कुमार की बातचीत.

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