मुरली का सफ़र तस्वीरों में

  • टेस्ट क्रिकेट में 800 विकेट लेने वाले मुरलीधरन पहले खिलाड़ी बन गए हैं. ये उपलब्धि उन्होंने अपने करियर के अंतिम टेस्ट मैच में हासिल की.
  • मुरलीधरन ने 20 साल की उम्र में 1992 में ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ अपना टेस्ट करियर शुरु किया. उन्होंने अपना पहला विकेट क्रेग मैकडर्मोट का लिया.
  • वर्ष 1998 में इंग्लैंड के ख़िलाफ़ ओवल मैच में मुरली ने अपना 200वां विकेट लिया.
  • सफलता के बावजूद उनके बॉलिंग एक्शन पर सवाल उठाए गए लेकिन 1999 में आईसीसी ने उन्हें क्लीन चिट दे दी.
  • वर्ष 1999 में वे विज़्डेन क्रिकेटर ऑफ़ द ईयर बने.
  • टेस्ट क्रिकेट में 400 विकेट विकेट लेने वाले वे 2002 में सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बने.
  • मुरली ने 496वां टेस्ट विकेट अपने प्रतिदंद्वी शेन वॉर्न का लिया. शेन वॉर्न 500 विकेट लेने वाले पहले खिलाड़ी थे लेकिन जल्द ही कैंडी में हुए मैच मुरली ने ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ ये कीर्तिमान हासिल कर लिया. (सूनामी पीड़ितों के लिए हुए चैरिटी मैच में दोनों खिलाड़ी)
  • वर्ष 2004 में 31 साल की उम्र में मुरलीधरन ने वॉल्श का रिकॉर्ड तोड़ अपना 520वां टेस्ट विकेट लिया.
  • वॉर्न ने 2005 में मुरली से पहले 600 विकेट का आँकड़ा छुआ लेकिन मार्च 2006 में बांग्लादेश के ख़िलाफ़ मैच में ख़ालिद महसूद को आउट कर मुरली ने भी 600 विकेट पूरे लिए.
  • जुलाई 2007 में मुरली ने बांग्लादेश के ख़िलाफ़ 700 विकेट पूरे किए. तीन दिसंबर को वे कैंडी में विश्व के सबसे ज़्यादा विकेट लेने वाले टेस्ट खिलाड़ी बने. कॉलिंगवुड उनके 709वें शिकार थे.
  • अपनी पत्नी के साथ मुरलीधरन. उन्होंने भारतीय लड़की से शादी की है.
  • गॉल में जुलाई 2010 में भारत के ख़िलाफ़ टेस्ट मैच मुरली का आख़िरी मैच बना. इस आख़िरी मैच के लिए जब मुरली मैदान पर उतरे थे तो उनके लिए रेड कार्पेट बिछाया गया.
  • मुरली का सम्मान कुछ यूँ हुआ
  • गॉल टेस्ट से पहले 800 विकेट का आँकड़ा हासिल करने के लिए मुरली को आठ विकेट चाहिए थे और उन्होंने टेस्ट के आख़िरी दिन अपना 800 विकेट हासिल कर ही लिया.
  • मुरलीधरन ने टेस्ट विकेट से संन्यास ले लिया है.

BBC © 2014 बाहरी वेबसाइटों की विषय सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है.

यदि आप अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करते हुए इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरूप कर लें तो आप इस पेज को ठीक तरह से देख सकेंगे. अपने मौजूदा ब्राउज़र की मदद से यदि आप इस पेज की सामग्री देख भी पा रहे हैं तो भी इस पेज को पूरा नहीं देख सकेंगे. कृपया अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करने या फिर संभव हो तो इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरुप बनाने पर विचार करें.