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इंडिया बोल: बोलने का ख़ामियाज़ा

क्या भारत में अब किसी भी विषय पर अपनी राय रखना ख़तरा मोल लेना जैसा हो गया है. क्या मुख्य धारा से न मेल खाते विचार के लिए भारतीय लोकतंत्र में अब कोई जगह नहीं बची है?

क्या बोलने का ख़ामियाज़ा भुगतना पड़ेगा?

बीबीसी इंडिया बोल में सुनिए इस बार श्रोताओं की क्या राय थी.