प्लेबैक आपके उपकरण पर नहीं हो पा रहा

कैसे बदले दिल्ली की सवारियों के रंग

भारत के दूर दराज़ इलाकों से हर साल लाखों की संख्या में लोग दिल्ली का सफ़र तय करते हैं. रोज़ी-रोटी की तलाश और सरकारी काम-काज के मक़सद से आए इन लोगों के साथ उनकी ज़रूरतें भी इस शहर का हिस्सा बन जाती हैं. दिल्लीवालों और इन लोगों के लिए हर दिन इस शहर की सड़कों से होती है सपनों को सच करने के एक सफ़र की शुरुआत.

बीबीसी संवददाता पारुल अग्रवाल के ज़रिएदिल्ली: कल आज और कल की इस कडी में सुनिए कैसे पिछले सौ साल में सड़कों, ट्रेनों और यातायात के दूसरे साधनों के ज़रिए भागती रही है दिल्ली.