लॉकरबी कांड अभियुक्त लीबिया रवाना

  • 21 अगस्त 2009
अब्दुल बासत अली अल मगराही
Image caption मगराही को लिबिया जाने की अनुमति मिली

लॉकरबी विमान बम कांड के दोषी बासित अल मगराही स्कॉटलैंड की जेल से रिहा होकर लीबिया के लिए रवाना हो गए हैं. वे स्कॉटलैंड में आजीवन कारावास की सज़ा काट रहे थे.

वर्ष 1988 में स्कॉटलैंड में लौकरबी के ऊपर उड़ान भर रहे अमरीकी विमान पैनएम पर सवार सभी 270 लोग उस धमाके में मारे गए थे.

स्कॉटलैंड के न्यायमंत्री कैनी मेकास्किल ने इस बात की पुष्टि की है कि प्रॉस्टैट कैंसर से पीड़ित मगराही को मानवीय आधार पर रिहा किया गया है.

स्कॉलैंड के न्यायमंत्री केनी मेकास्किल ने अपने फ़ैसले में कहा, "मेरा ये फ़ैसला है कि लौकरबी विमान धमाके के दोषी अब्दुल बासेत अली अल मेगराही को, जो कि प्रॉस्ट्रेट कैंसर से पीड़ित हैं, मानवीय आधार पर रिहा किया गया और और उन्हें अपने अंतिम दिन काटने के लिए लीबिया जाने की अनुमति है".

मगराही के रिहा होने की ख़बर पर अपनी प्रतिक्रिया में व्हाइट हाउस के प्रेस सचिव रौबर्ट गिब्स ने कहा, "स्कॉटलैंड की सरकार द्वारा अब्दुल बासित अल मगराही को रिहा करने का फैसले पर अमरीका को बेहद अफसोस है."

इस विमान धमाके में मारे गए अमरीकी नागरिकों के संबंधियों ने आक्रोश पूर्ण प्रतिक्रियाएं दी हैं.

इस दुर्घटना में अपनी पत्नी को खो चुके न्यूयॉर्क के निवासी पॉल हॉल्श ने कैनेथ मैकास्किल के फैसले के विरोध में कहा, "मैं इस फैसले के खिलाफ हूँ मगराही 270 लोगों का हत्यारा था." लेकिन स्कॉटलैंड सरकार का कहना है कि अल मगराही को मानवीय आधार पर रिहा करने का फैसला व्यापक विचार विमर्श के बाद लिया गया. कैनेथ मैकास्किल ने एक पत्रकार सम्मेलन कहा कि क़ैदियों की अदलाबदली के तहत, अल मगराही को रिहा करने की अपील उन्होंने नामंज़ूर कर दी थी, क्योंकि लिबियाई क़ैदियों को सुरक्षा कारणों से वे स्कॉलैंड में आने की अनुमति नहीं दे सकते थे, लेकिन उनका कहना था कि अल मगराही के लाइलाज प्रौसेटैट कैंसर को देखते हुए, उन्हें मानवीय आधार पर रिहा करने का फैसला लिया गया.