ईरान की रैली में झड़पें

रैली में पू्र्व राष्ट्रपति ख़ातमी
Image caption ख़ातमी को कट्टरपंथियों के हमलों से बचाते उनके समर्थक

ईरान में एक सरकारी रैली के दौरान सड़कों पर उतर आए हज़ारों विपक्षी समर्थकों की सुरक्षा बलों से झड़पें हुई हैं.

ईरान में सुधारवादियों को चेतावनी दी गई थी कि वे फ़लस्तीन (समर्थन) दिवस पर निकाली जाने वाली रैली को सरकार विरोधी रैली में तब्दील न करें.

ख़बरों में कहा गया है कि विपक्षी नेता मीर हुसैन मुसावी और पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद ख़ातमी पर हमले हुए हैं.

जून में हुए राष्ट्रपति के विवादास्पद चुनावों के बाद से विपक्षियों के लिए रैली निकालने पर प्रतिबंध लगा हुआ है.

फ़लस्तीन दिवस रमज़ान के महीने के आख़िरी शुक्रवार को हर साल मनाया जाता है.

मुसावी से धक्कामुक्की

शुरुआत में राष्ट्रपति अहमदीनेजाद के समर्थन तेहरान में रैली कर रहे थे.

लेकिन अधिकारियों की चेतावनी के बावजूद मुसावी के समर्थकों ने उनके समर्थन में नारे लगाने शुरु कर दिए.

ख़बरों में कहा गया है कि इसके बाद पुलिस और मुसावी समर्थकों के बीच संघर्ष शुरु हो गया, पथराव की घटनाएँ हुईं और पुलिस को अश्रुगैस का इस्तेमाल करना पड़ा. कुछ लोगों को गिरफ़्तार भी किया गया है.

ईरान के सरकारी टेलीविज़न पर विपक्ष की रैली की तस्वीरें दिखाई गई हैं जिसमें मुसावी के समर्थक हरे रंग के कपड़ों में दिखाई पड़ रहे हैं.

सरकारी समाचार एजेंसी इरना के अनुसार मुसावी की कार पर हमला होने के बाद उन्हें वहाँ से जाने के लिए कहा गया था.

प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि जब कट्टरपंथी उनकी ओर बढ़ रहे थे तो मुसावी के समर्थकों ने मुसावी की कार को सुरक्षित निकाला.

सुधारवादियों की वेबसाइट में कहा गया है कि पुलिस के हस्तक्षेप करने से पहले मुसावी को धक्का देकर ज़मीन पर गिरा दिया गया और उनका साफ़ा गिरा दिया गया.

तेहरान यूनिवर्सिटी में अपने भाषण में अहमदीनेजाद ने फिर से इसराइल के निर्माण की निंदा की है.

उल्लेखनीय है कि जून में हुए राष्ट्रपति चुनावों में अहमदीनेजाद ने मुसावी को पराजित कर दिया था. लेकिन विपक्ष का कहना है कि चुनावों में धांधली हुई.

संबंधित समाचार