कंज़रवेटिव और लिबरल डेमोक्रेट में बातचीत

ब्रिटेन में सरकार बनाने के लिए दो बड़ी पार्टियों- कंज़रवेटिव और लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी के बीच शुक्रवार देर रात तक बातचीत का दौर जारी रहा.

बातचीत में इस बात पर चर्चा हुई कि क्या दोनों पार्टियाँ मिलकर गठबंधन सरकार बना सकती हैं या नहीं.

गुरुवार को हुए आम चुनाव में किसी भी पार्टी को स्पष्ट बहुमत नहीं मिल पाया है. 649 सीटों में से कंज़रवेटिव पार्टी को 306, लेबर पार्टी को 258, लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी को 57 सीटें मिली है जबकि अन्य को 28 सीटें मिली हैं.

बहुमत के लिए 326 सीटों की ज़रुरत है.

कंज़रवेटिव पार्टी के नेता डेविड कैमरन ने लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता निक क्लेग से फ़ोन पर बातचीत की है. हालांकि इस बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी गई.

वहीं कंज़रवेटिव पार्टी के विलियम हेग ने कहा, "हमने शुरुआती बातचीत की है. फ़िलहाल इसके अलावा बताने के लिए और कुछ नहीं है."

सरकार बनाने का हक़ किसका?

वार्ता का दौर शनिवार को भी जारी रहेगा.कैमरन ने नतीजों के बाद बयान दिया था कि वे लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी को खुली और समग्र पेशकश कर रहे हैं.

बीबीसी के निक रॉबिन्सन का कहना है कि इसमें कैबिनट में जगह शामिल है.

वहीं लेबर पार्टी के नेता गॉर्डन ब्राउन ने कहा है कि वे लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी से बात करने के लिए तैयार हैं.

ब्रिटेन में 1974 के बाद पहली बार त्रिशंकु संसद चुना गया है.

ब्रिटेन में पुरानी परंपरा ये रही है कि त्रिशंकु संसद की सूरत में वर्तमान प्रधानमंत्री को ये अधिकार है कि वो गठबंधन बनाने के लिए पहल करता है.

लेकिन कंज़रवेटिव पार्टी के नेता डेविड कैमरन ने कहा है कि ब्राउन शासन करने का जनादेश खो चुके हैं. वहीं निक क्लेग ने कहा है कि उनके अनुसार सरकार बनाने की पहल करने का कंज़रवेटिव का हक़ बनता है.

लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी के पास 57 सीटें हैं और उनके सहयोग के बिना एक स्थाई सरकार का गठन असंभव नज़र आ रहा है.

संबंधित समाचार