पोर्न साइट के खतरे

  • 13 जून 2010
पोर्न
Image caption यूजर्स से पैसा उगाहने के लिए अधिकतर पोर्न वेबसाइट गलत सॉफ्टवेयर लगा रखे हैं

हाल के एक अध्ययन से पता चलता है कि साइबर अपराधी पोर्न साइट देखने वालों का गलत इस्तेमाल कर सकते हैं. ऐसा पाया गया कि कई वेबसाइटों ने इस्तेमाल करने वालों से अवांछित तरीके से पैसा वसूलने के लिए सॉफ्टवेयर लगाए हैं.

शोधकर्ताओं ने खुद अपनी वेबसाइट बनाकर पाया कि कई उपभोक्ता आसानी से इसके शिकार हो सकते हैं. अध्ययन का संचालन इंटरनेशनल सेक्योरिटी सिस्टम लैब के कंप्यूटर सुरक्षा विशेषज्ञ डॉ गिलबर्ट वोंडरैसेक ने किया है.

डॉ वोंडरैसेक ने बताया, “विभिन्न वेबसाइटों के बीच प्रतिस्पर्धा ने एक ऐसा माहौल बना दिया है जिससे बड़े पैमाने पर साइबर अपराध का खतरा पैदा हो गया है.”

अध्ययन

आंकड़ों के मुताबिक मौजूद वेबसाइटों में से तकरीबन 12 फ़ीसदी वेबसाइट किसी न किसी तरह की पोर्नोग्राफी दिखाते हैं और 24 साल से कम उम्र के 70 फ़ीसदी लोग इन वेबसाइट को देखते हैं.

अध्ययन के तहत 2,69,000 वेबसाइट का विश्लेषण किया गया. इसके तहत पता लगाया कि किन वेबसाइटों ने गलत सॉफ्टवेयर लगाया हुआ था. यह पाया गया कि 3.23 फ़ीसदी साइटों ने यूजर्स के बारे में गोपनीय जानकारी इकट्ठा करने वाली और वायरस पैदा करने वाले सॉफ्टवेयर लगाए हुए थे.

कई वेबसाइटों ने ऐसे उपाय अपनाए थे जिससे पेज से बाहर निकल पाना यूजर्स के लिए काफी मुश्किल हो. कुछ ने तो ऐसे स्क्रिप्ट का इस्तेमाल किया था जिससे लिंक पर क्लिक करने के बाद ही संबंधित वेबसाइट को ऐसे वीडियो या इमेज चले जाते थे, जिनकी उम्मीद यूजर्स ने नहीं की थी.

हाइटेक अपराधियों के लिए फायदेमंद

डॉ वोंडरैसेक ने कहा कि ज्यादातर पोर्न वेबसाइट की कोशिश होती है कि ज्यादा से ज्यादा यूजर उन्हें देखें.

यूजर्स की बढ़ती संख्या का कई तरीकों से इस्तेमाल किया जा सकता है. लोकप्रिय वेबसाइट इसे उन लोगों को बेचती हैं जिन्हें बड़ी संख्या में दर्शकों की तलाश होती है. कभी-कभी इसका इस्तेमाल सर्च इंजिन इंडेक्स में अपनी रैंकिंग बढ़ाने के लिए किया जाता है.

डॉ वोंडरैसेक ने बताया कि यह तरीका उन हाइटेक अपराधियों के लिए बड़ा ही फायदेमंद है जो बड़ी संख्या में दर्शकों का एक स्रोत चाहते हैं.

इसका परीक्षण करने के लिए शोधकर्ताओं ने अपने मन से दो वेबसाइट बनाई और इनमें मुफ़्त पोर्न सामग्री डाली.

इन वेबसाइट को देखने वाले 49,000 यूजर्स का विश्लेषण किया गया. इनमें से 20,000 लोग एक ही कंप्यूटर और ब्राउज़र का इस्तेमाल कर रहे थे और आसानी से साइबर अपराधियों का शिकार बन सकते थे.

एक ही जगह ढेर सारे शिकार

डॉ वोंडरैसेक ने कहा, “एक हमलावर के तौर पर आप अपना जीवन आसान बनाना चाहते हैं और जब आपको एक ही जगह पर आसानी से 20,000 लोग मिल जाएं तो यह शिकार करने का बड़ा ही अच्छा मौका होता है.”

पहली 100 सबसे ज्यादा लोकप्रिय साइटों में कई पोर्न साइट दिखने का मतलब है कि बड़ी संख्या में लोग पोर्न साइट देखते वक्त इनके चंगुल में फंस जाते हैं.

डॉ वोंडरैसेक ने कहा कि जब नुक़सान पहुंचाने वाली वेबसाइट की संख्या काफी कम हैं, ऐसे में यह पता लगा पाना काफी मुश्किल होता है कि कौन वेबसाइट नुक़सान पहुंचा सकती है और कौन नहीं.

डॉ वोंडरैसेक ने पोर्नसाइट देखने वालों को सुझाव दिया कि वे अपने सिक्युरिटी सॉफ्टवेयर को अप टू डेट रखें और ब्राउजिंग के सुरक्षित तरीकों का इस्तेमाल करें.

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