पार्सल बम षडयंत्रकारियों ने 'ड्राइ रन' किया था

पार्सल बम
Image caption पार्सल बमों की वजह से अब कई देशों में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है.

अमरीकी ख़ुफ़िया अधिकारियों का मानना है कि सितंबर के महीने में उन्होंने जो संदिग्ध माल का पता लगाया था, उसका संबंध पिछले हफ़्ते नाकाम कर दिए गए पार्सल बम षडयंत्र से है.

ये ख़बरें अमरीका की मीडिया में आ रही हैं.

इन ख़बरों में यमन से शिकागो भेजे गए माल के बारे में कहा गया है कि उसमें किताबें और दूसरे सामान थे लेकिन कोई भी विस्फोटक नहीं था.

अधिकारियों का कहना है कि ये सामान भेजकर ये अंदाज़ा लगाने की कोशिश की गई थी कि अपने गंतव्य तक पहुँचने में पार्सल के इन पैकेजों को कितना वक़्त लगेगा.

पिछले हफ़्ते ब्रिटेन और दुबई में मालवाहक विमानों में दो पार्सल बम पाए गए थे

इन पार्सलों में प्रिंटर के टोनर कार्टरिज के अंदर शक्तिशाली विस्फोटक-पीईटीएन भरा हुआ था और इसे अमरीका के कारगो फ़र्म की मदद से यमन की राजधानी सना से भेजा गया था.

इन दोनों पैकेजों को अब सुरक्षित कर दिया गया है.

ये पैकेज अमरीका के शिकागो शहर के सिनागौगों को भेजे गए थे.

सिनागौग वो जगह है जहाँ यहूदी पूजा अर्चना करते हैं.

'ड्राइ रन'

न्यू यॉर्क टाइम्स में नाम गुप्त रखने की शर्त पर एक ख़ुफ़िया अधिकारी के हवाले से ख़बर छपी है कि सितंबर में जो माल भेजा गया था उसका इस्तेमाल पिछले शुक्रवार को भेजे गए उन दो पार्सलों के रूट और समय की योजना तैयार करने के लिए किया गया होगा जिसका पता सुरक्षा अधिकारियों ने समय रहते लगा लिया था.

Image caption प्रिंटर के इसी टोनर कार्टरिज के अंदर शक्तिशाली विस्फोटक-पीईटीएन भरा हुआ था.

यही ख़बर बाद में अमरीका के एबीसी न्यूज़ पर भी आई.

न्यूयॉर्क टाइम्स ने इस संबंध में लिखा है कि षडयंत्रकारियों ने इस जानकारी का इस्तेमाल ये पता करने के लिए किया होगा कि ये मालवाहक विमान कब शिकागो या अमरीका के दूसरे बड़े शहर के ऊपर होगा जिससे कि वो इस तरह से धमाका कर पाएँ ताकि क्षति अधिकतम हो पाए.

लेकिन इन पैकेजों का पता बीच में ही लग गया था.

ख़ुफ़िया अधिकारियों ने ये भी बताया है कि उन्हें संदेह है कि ये 'ड्राइ रन पैकेज' यमन में अल क़ायदा की शाखा ने भेजा होगा.

सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

दुबई में रोके जाने से पहले एक बम दो यात्री विमानों से होकर गुज़र चुका था.

दूसरा बम बिना किसी रोक टोक के ब्रिटेन से लगभग पार हो ही चुका था और इसके लिए ब्रितानी अधिकारियों की निंदा भी की गई है.

ब्रिटेन के ईस्ट मिडलैंड्स हवाई अड्डे पर पहले सुरक्षा अधिकारी हवाई जहाज़ में रखे गए इस बम के बारे में पता नहीं लगा पाए थे.

इस घटना के बाद जर्मनी ने यमन से आनेवाले हर यात्री और मालवाहक उड़ान पर रोक लगा दी है.

निदरलैंड्स ने भी अरब देशों से आनेवाली मालवाहक उड़ानों पर रोक लगा दी है.

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