हाथी के दाँत का ऑपरेशन

हाथी के टूटे दाँत
Image caption हाथी के इसी दाँत की फाँक में डॉक्टरों ने भराई की है.

भारत में एक हाथी के टूटे हुए दाँत की मरम्मत का मामला सामने आया है. केरल में डॉक्टरों का दावा है कि ये सफल ऑपरेशन अपने तरह की पहली घटना है.

जिस हाथी के टूटे हुए दाँत की मरम्मत की गई वो 27 वर्ष का है और उसका नाम देवीदासन है.

उसके दाँत में फाँक पड़ गया था और उस 50 सेंटीमीटर लंबे और चार सेंटीमीटर गहरे दाँत में डॉक्टरों ने एक ख़ास किस्म की भराई की.

दाँत भरने की पूरी प्रक्रिया के दौरान हाथी को होश में ही रखा गया था और डॉक्टरों ने बताया है कि इसमें हाथी ने पूरा साथ दिया.

इस ऑपरेशन को अंजाम देनेवाले डॉक्टर सीवी प्रदीप का कहना है कि ऑपरेशन के बाद हाथी देवीदासन काफ़ी ख़ुश नज़र आया.

डॉक्टर प्रदीप का कहना है कि हाथी के दाँत का मुआयना करने के बाद उन्हें लगा कि इसका इलाज़ भी उसी तरह से किया जा सकता है जैसे कि इंसानों के दाँत का इलाज़ होता है.

संक्रमण का ख़तरा

डॉक्टर प्रदीप ने कहा कि "हमें दाँत के मरम्मत के लिए ख़ास तौर पर औज़ार का इंतज़ाम करना पड़ा और उसमें तब्दीली भी लानी पड़ी.ऑपरेशन के दौरान हाथी को बेहोश नहीं किया गया और हाथी ने भी पूरा सहयोग किया."

Image caption दाँत की मरम्मत के दौरान हाथी पूरी तरह से होश में था.

डॉक्टर प्रदीप ने बताया कि "इस प्रक्रिया और इसी तरह की प्रक्रिया जो इंसानों पर की जाती है, उसमें फ़र्क ये रहा कि हमारे पास ऐसी कोई मोबाईल एक्सरे मशीन नहीं थी जो इतनी बड़ी थी जिससे हाथी के दाँत का एक्सरे हो पाता."

डॉक्टर का कहना था कि अगर दाँत का इलाज़ नहीं किया जाता तो उसमें धूल जाती रहती और उससे जानलेवा संक्रमण हो जाने का का ख़तरा था.

उन्होंने बताया कि दाँत में जो फ़िल्लिंग यानि भराई हुई है, वो वैसी कबतक रहेगी इसका अदाज़ा लगाना इसलिए संभव नहीं है क्योंकि इससे पहले ऐसा कोई काम हुआ ही नहीं है.

लेकिन डॉक्टर प्रदीप ने उम्मीद ज़ाहिर की कि अगर हाथी का ये दाँत बहुत लंबा नहीं बढ़ा तो ये भराई काफ़ी दिनों तक यूँ ही रह सकती है.

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