लीबिया:ब्रिटेन और फ़्रांस हेलिकॉप्टर भेजेंगे

गैज़ेल हेलिकॉप्टर(फ़ाईल फ़ोटो) इमेज कॉपीरइट PA
Image caption फ़्रांस ने लीबिया में गैज़ेल हेलिकॉप्टर भेजने का फ़ैसला किया है.

फ़्रांस के रक्षा मंत्री के अनुसार ब्रिटेन और फ़्रांस ने लीबिया में लड़ाकू हेलिकॉप्टर भेजने का फ़ैसला किया है.

रक्षा मंत्री गेरार्ड लॉजुएट ने कहा कि वे जल्द ही इसकी शरूआत करेंगे.

ब्रिटेन ने हालाकि अभी इसकी पुष्टि नहीं की है.

हेलिकॉप्टर भेजने के फ़ैसले से लीबिया के नेता कर्नल गद्दाफ़ी के लिए मुश्किलें खड़ी हो सकती है क्योंकि इन हेलिकॉप्टरों की मदद से ज़मीन पर और सटीक तरीक़े से निशाना लगाया जा सकेगा.

नैटो के हवाई जहाज़ गद्दाफ़ी की सैन्य ठिकानों पर महीनों से बमबारी कर रहें हैं लेकिन अभी भी गद्दाफ़ी के वफ़ादार सैनिकों और विद्रोहियों के बीच लड़ाई जारी है.

हेलिकॉप्टर

सोमवार को फ़्रांस के रक्षा मंत्री ने पहले से मीडिया में आ रही ख़बरों की पुष्टि कर दी कि फ़्रांस ने लीबिया में लड़ाकू हेलिकॉप्टर भेजने का फ़ैसला किया है.

ब्रसेल्स में यूरोपीय संघ के रक्षा मंत्रियों की बैठक के दौरान उन्होंने कहा, ''ब्रिटेन, जिनके पास हमारे जैसे ही सैन्य हथियार हैं, वह भी भेजने का फ़ैसला करेगें और ब्रिटेन सोचता है कि जितनी जल्दी हो उतना अच्छा है.''

उन्होंने इससे ज़्यादा कुछ भी बताने से इनकार कर दिया.

ब्रिटेन रक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा, ''किसी भी सैन्य अभियान की तरह हमलोग अपने सहयोगियों के साथ मिलकर नैटो की क्षमता को बढ़ाने के लिए सभी विकल्पों की समीक्षा कर रहें हैं.''

उन्होंने भी इससे ज़्यादा कुछ नहीं बताया.

इससे पहले फ़्रांस के एक अख़बार ले फ़िगारो ने कहा था कि 17 मई को 12 हेलिकॉप्टर को लीबिया रवाना किया गया था.

ब्रिटेन के विदेश मंत्री विलियम हेग ने कहा कि वो लीबिया में सैन्य अभियान को और तेज़ करने का पूरा समर्यन करते हैं लेकिन वह इस बहस में नहीं पड़ना चाहते कि क्या अतिरिक्त साज़ व सामान को भेजने की ज़रूरत है.

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Image caption महीनों से नैटो के हवाई हमलों ने गद्दाफ़ी की सैन्य शक्ति को कम तो किया है लेकिन पूरी तरह ख़त्म करने में नाकाम रहें हैं.

जानकारों का मानना है कि ये हेलिकॉप्टर सैन्य लक्ष्यों को जल्दी से पहचानने में सक्षम हैं लेकिन लड़ाकू विमानों की तुलना में ये ज़्यादा असुरक्षित हैं.

हेलिकॉप्टर भेजने के फ़ैसले से पहली बार ऐसे संकेत मिल रहें हैं कि लीबिया में नैटो सहयोगियों को कोई तरकीब नहीं समझ आ रही है और शायद फ़्रांस और ब्रिटेन की सरकारें भी अपना धैर्य खो रहीं हैं.

इस बीच लीबिया जाने वाले अब तक के सबसे वरिष्ठ अमरीकी राजनयिक उप विदेश मंत्री जेफ़री फ़ेल्टमैन ने बेनग़ाज़ी में विद्रोहियों के संगठन राष्ट्रीय काउंसिल के सदस्यों से मुलाक़ात की.

लीबिया के पूर्वी प्रांत बेनग़ाज़ी पर विद्रोहियों का क़ब्ज़ा है और उन्होंने इसके संचालन और विद्रोह को आगे बढ़ाने के लिए राष्ट्रीय काउंसिल का गठन किया है.

इस बीच अमरीका ने एक दफ़ा फिर बयान जारी कर कहा है कि कर्नल गद्दाफ़ी को सत्ता छोड़ देनी चाहिए.

लेकिन लीबियाई विद्रोही पिछले सप्ताह अपनी अमरीकी यात्रा के दौरान अमरीका से लीबिया की वैध सरकार की स्वीकृति पाने में असफल रहे थे.

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