सीरिया: सेना के जनरल की हत्या

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Image caption सीरिया के ख़िलाफ़ अरब लीग के एक प्रस्ताव को रूस और चीन ने वीटो कर दिया था.

सीरिया के सरकारी मीडिया के मुताबिक कुछ ‘हथियार बंद चरमपंथी गुटों’ ने सीरिया की राजधानी दमिश्क में सेना के एक अस्पताल के प्रमुख की हत्या कर दी है.

खबरों के मुताबिक ब्रिगेडियर जनरल ईसा अल-खोली जब अपने घर से बाहर निकल रहे थे उस वक्त उन्हें गोली मार दी गई.

माना जा रहा है कि सीरिया में जारी हिंसा के बीच यह पहली बार है कि जब सेना के उच्च अधिकारी को निशाना बनाया गया है.

सीरिया में इन दिनों घमासान जारी है और विद्रोहियों का कहना है कि होम्स शहर पर लगातार बमों और मिसाइलों से हो रहे हमलों में शनिवार को कम से कम 15 लोगों की मौत हो गई.

सेना प्रमुख की हत्या

सेना के एक अस्पताल के प्रमुख की हत्या की खबर विद्रोहियों के इन दावों के बीच आई है.

होम्स सहित सीरिया के कई शहरों में लोगों के गंभीर रुप से हताहत होने की खबरें आ रही हैं. ज़्यादातर मामले विद्गोहियों का गढ़ माने जाने वाले बाबा अम्र ज़िले से हैं लेकिन पड़ोसी शहर इनशात में भीषण गोलीबारी और धमाकों की खबर है.

इस बीच सीरिया ने ट्यूनीशिया और लीबिया से कहा है कि वो सीरिया में मौजूद अपने उच्चायोग को बंद कर दें. ट्यूनीशिया और लीबिया ने सीरिया में प्रदर्शनकारियो पर हो रही कथित हिंसा के विरोध में अपने देशों में मौजूद सीरियाई उच्चायोग को बंद कर दिया था.

सामाजिक कार्यकर्ताओं के मुताबिक होम्स सहित कई शहरों में पिछले शनिवार से सेना की ओर से आम लोगों पर शुरु किए गए हमलों में अब तक 400 से ज़्यादा लोगों के मारे जाने की खबर है.

संयुक्त राष्ट्र महासभा के प्रयास

मानवाधिकार संगठनों के मुताबिक सिरिया में पिछले साल मार्च से शुरु हुए हिंसक प्रदर्शनों के बाद से अब तक कम से कम 7000 लोगों की मौत हो चुकी है. वहीं सरकार का कहना है कि हथियार बंद चरमपंथी गुटों से हुए संघर्ष में कम से कम 2000 सुरक्षाकर्मियों की मौत हो चुकी है.

सीरिया की सरकार पर दबाव डालने के लिए संयुक्त राष्ट्र महासभा भी प्रयासों का केंद्र बनी हुई है. सभी तरफ से हिंसा को समाप्त करने और राष्ट्रपति बशर अल-असद के इस्तीफे की मांग को लेकर सऊदी अरब एक प्रस्ताव का मसौदा वितरित कर रहा है.

ये नया प्रस्ताव भी उसी प्रस्ताव के समान है जिसे पिछले दिनों रूस और चीन ने वीटो किया था और उनके इस क़दम से पश्चिमी ताकतें काफी नाराज़ हुई थीं.

लेकिन ताज़े मसौदे में गुजारिश के रूप में एक नया अंश यह है कि सीरिया में संयुक्त राष्ट्र का एक राजदूत नियुक्त किया जाए.

महासभा में सोमवार को सीरिया पर चर्चा होनी है जिसे संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार मामलों के उचायुक्त नवी पिल्ले संबोधित करेंगे हालांकि तब तक उस प्रस्ताव पर वोट होने की संभावना नहीं है.

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