चांद की सैर करने वाले आर्मस्ट्रॉंग की बाइपास सर्जरी

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Image caption चांद पर कदम रखने वाले पहले अंतरिक्ष यात्री अमरीका के नील आर्मस्ट्रांग.

चांद पर कदम रखने वाले पहले अंतरिक्ष यात्री अमरीका के नील आर्मस्ट्रॉंग हृदय की बाइपास सर्जरी के बाद अस्पताल में भर्ती हैं.

नील आर्मस्ट्रॉंग को उनकी हृदय की नलियां अवरुद्ध होने के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था जिसके बाद उनका आपरेशन किया गया. बीते रविवार को आर्मस्ट्रॉंग ने 82 वर्ष की उम्र पार की थी.

20 जुलाई 1979 को उन्होंने अपोलो-11 मिशन का नेतृत्व करते हुए चांद पर पहला कदम रखा था.

नासा के संयोजक चार्ल्स बोल्डन ने नील आर्मस्ट्रॉंग को जल्द सेहतमंद होने की शुभकामनाएं देते हुए उन्हें ‘अमरीका के नायक’ की संज्ञा दी.

उन्होंने कहा, ''नील बेहद हिम्मती हैं और उनका ये जज़्बा ही उन्हें इस मुश्किल दौर से बाहर निकालेगा.''

अपोलो-11 मिशन पर नील के साथ रहे बज़ एल्ड्रिन ने भी ट्विटर के ज़रिए नील को जल्द सेहतमंद होने की शुभकामनाएं दीं और लिखा, ''मैं चाहता हूं कि नील जल्द अच्छे हों. हमें 2019 में अपोलो मिशन की 50वीं सालगिराह साथ मनानी है.''

चांद पर गए इस मिशन के सफल होने के बाद नील आर्मस्ट्रॉंग सुर्खियों से दूर रहे हैं लेकिन सितंबर 2011 में उन्होंने आर्थिक संकट के बीच नासा के भविष्य को लेकर की जा रही चर्चा में अपना पक्ष रखा था.

अपने दल के दूसरे साथियों सहित नील आर्मस्ट्रॉंग को अमरीका का सर्वोच्च नागरिक सम्मान कॉग्रेशनल गोल्ड मेडल से नवाज़ा गया है.

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