श्रीलंका: हमलावरों ने मस्जिद में लगाई आग

  • 13 अगस्त 2012
श्रीलंका मस्जिद

श्रीलंका में पुलिस का कहना है कि अज्ञात हमलावरों ने पूर्वी तमिल बाहुल्य क्षेत्र में एक मस्जिद को आग लगा दी है.

मस्जिद पर हमले से पहले अक्षात हमलावरों ने एक 52 साल की औरत पर कुल्हाड़ी से हमला किया था.

बटिकलोआ शहर के पास की इस घटना में हालांकि महिला की जान बच गई लेकिन दूसरी सुबह ही कुछ लोगों ने एक मस्जिद को आग लगा दी.

इस मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है. इलाक़े का दौरा करने के बाद एक मुस्लिम मंत्री का कहना था कि लगता है कि ये हमले स्थानीय लोगों ने किए हैं जो ये नहीं चाहते हैं कि 1990 के दशक में टाईगर्स के खदेड़े मुस्लिम फिर से वापस आएं.

ताजा घटना से पहले भी मुल्क में एक और मस्जिद पर हमला किया गया था.

नुक़सान

कोलंबो से बीबीसी संवाददाता चार्ल्स हैवीलेंड का कहना है कि हाल के दिनों में मुल्क में ऐसी कई घटानाएं हुई हैं जिसमें मुस्लिम समुदाय को निशाना बनाया गया है. ये घटनाएं उन इलाक़ों में घटित हुई हैं जहां तमिल समुदाय का बाहुल्य है.

हुकुमत और तमिल अलगाववादियों के बीच हुई लंबी लड़ाई में मुसलमानों को हमेशा नुक़सान उठाना पड़ा था. जहां हुकुमत में सिंहाला समुदाय का बाहुल्य है, वहीं पृथकतावादियों का तालुक्क तमिल समुदाया से था.

पहले ऐसी कई घटनाएं हुई थीं जिनमें तमिल टाईगर्स ने मुसलमानों को बड़े पैमाने पर क़त्ल किया या फिर उन्हें देश के उत्तरी या पूर्वी क्षेत्रों से भागने पर मजबूर कर दिया था.

हालांकि लड़ाई ख़त्म हो गई है लेकिन घर वापस लौटने वाले मुसलमानों को विरोध का सामना करना पड़ रहा है. लोग जीवन व्यतीत करने के उनके रूढिवादी तरीक़ों को शक की निगाह से देखते हैं.

गिरफ़्तार

मस्जिद पर हमले के मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है.

इलाक़े का दौरा करने के बाद एक मुस्लिम मंत्री का कहना था कि लगता है कि ये हमले स्थानीय लोगों ने किए हैं जो ये नहीं चाहते हैं कि 1990 के दशक में टाईगर्स के खदेड़े मुस्लिम फिर से वापस आएं.

कुछ ग्रामीणों का कहना है कि इसके पीछे उन राजनीतिज्ञों का हाथ है जो तमिल हैं और सरकार के साथ हैं.

पुलिस का कहना है कि इन मामलों में उसके पास सबूतों की कमी है और इनके बिना इस पूरे मामले को जातीय हिंसा के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए.

लेकिन मुल्क के उत्तर-पश्चिमी इलाक़ों वहां रह रहे तमिलों और वापस लौटने की कोशिश कर रहे मुस्लिमों के बीच लड़ाईयां जारी हैं. इन इलाकों में मुस्लिमों को उस मंत्री का समर्थन हासिल है जो खुद भी समुदाय से तालुक्क रखते हैं.

दूसरी जगहों पर, बोद्ध धर्माव्लंबियों ने हाल के दिनों में मस्जिदों पर कई हमले किए है. साथ ही मुस्लिमों के विरोध में कई प्रदर्शन भी निकाले गए हैं.

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