गर्म रातों में कैसे पाएं सुकून की नींद ?

 बुधवार, 22 अगस्त, 2012 को 08:45 IST तक के समाचार

उमस भरे वातावरण में सोना वैसे भी मुश्किल होता है

इस साल ब्रिटेन के दक्षिणी और पूर्वी हिस्से में आंशिक तौर पर गर्म हवा का असर रहा है. इन गर्म और उमस भरी रातों में सोना काफी मुश्किल होता है. ऐसे में अच्छी नींद भला कैसे पाई जा सकती है, ये एक बड़ा सवाल है?

मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार ब्रिटेन में अगले कुछ दिनों में तापमान में भले ही कुछ कमी आए लेकिन उमस 60 से 80 प्रतिशत तक बना रहेगा.

अमरीका जैसी जगहों पर जहां बड़े आकार के एयर कंडीशनर आसानी से मिल जाते हैं, वहां ज्यादा तापमान भी मायने नहीं रखता.

लेकिन ब्रिटेन में जहां आमतौर पर इतनी ज्यादा गर्मी नहीं पड़ती, वहां के लोग भला कैसे अच्छी नींद पाएं, ये एक बड़ा सवाल है?

विशेषज्ञों की सलाह

मौसम वैज्ञानिक फिलिफ एडन, भूमध्यसागर में प्रयोग में लाई जाने वाली तकनीक की सलाह देते हुए कहते हैं, ''मैं दिन के समय अपने घर के सभी पर्दों को लगाए रखता हूं ताकि सूरज की रौशनी अंदर ना आ सके. जिस तरफ से धूप आती है, वहां की खिड़कियों को बंद रखता हूं और जहां छाया होती है, उधर की खिड़कियां खुली रखता हूं. इसका मतलब ये भी होता है कि मैं दिनभर खिड़कियों को बंद करने के लिए घर के भीतर दौड़ लगाता रहता हूं.''

एडन सोने से ठीक एक घंटे पहले सभी खिड़कियों को खोल देते हैं. लेकिन हर कोई अपने घर की खिड़की भी नहीं खोल सकता है. क्योंकि अगर आप नीचे के माले में रहते हैं तो चोर बड़ी आसानी से आपके घर में हाथ साफ कर सकते हैं. अगर चोरों से बच गए तो मच्छर आपको नहीं छोड़ेंगे.

लंदन के इंपीरियल कॉलेज में स्लीप एंड रेस्पिरेटरी फिज़ियोलॉजी के प्रोफेसर मेरी मोरल के अनुसार, ''ऐसे में सबसे कारगर उपाए है बिजली का पंखा इस्तेमाल करना. ये आपके शरीर से निकलने वाले पसीने को सुखाने में आपकी मदद करेगा.''

मामला सिर्फ तापमान और उमस का नहीं

मेरी मोरल बिस्तर पर नायलोन के बजाए सूती चादर बिछाने और ग्रामीण इलाकों में मच्छरदानी इस्तेमाल करने की सलाह देती हैं.

"अगर आपको एकाध ड्रिंक लेने की आदत है तो फिर कोई दिक्कत नहीं है, लेकिन अगर आपको इसकी आदत नहीं है तो ऐसा बिल्कुल ना करें."

केविन मॉर्गन, प्रोफेसर, लफबोराह यूनिवर्सिटी.

लफबोराह यूनिवर्सिटी में क्लीनिकल स्लीप रिसर्च यूनिट के प्रोफेसर केविन मोर्गन मानते हैं कि ये मामला सिर्फ तापमान और उमस का नहीं है.

इसका मतलब ये होता है कि हम बिस्तर पर एक बिल्कुल ही दूसरी शारीरिक और मानसिक स्थिति में जाते हैं. अक्सर लोग ऐसे माहौल में सामान्य से ज्यादा शराब पी लेते हैं, जो बिल्कुल सही नहीं है. क्योंकि ये एकदम अलग किस्म का नियम या मानसिक स्थिति पैदा करता है.

केविन मॉर्गन कहते हैं, ''इतनी गर्मी में जब आप बिस्तर पर जाते हैं तो आपको आसानी से नींद नहीं आती. जो चीज़ें आपको सोने नहीं देतीं, आप उन्हीं के बारे में सोचना शुरु कर देते हैं. ऐसे में आप अपनी समस्याओं के बारे में सोचना शुरु ना कर दें, ये कहीं ना कहीं आपको अनिद्रा की तरफ लेकर जाती है. ऐसे में दिन के वक्त नींद पूरी करना और रात में कोई किताब या अखबार पढ़ लेना बेहतर उपाय है.''

ड्रिंक का नींद से संबंध

ऐसे में कोई तरल पदार्थ लेना सही नहीं होगा जब तक कि आप ऐसा आमतौर पर करते आ रहे हों.

नींद

अगर आप दो से तीन रात नहीं सोएंगे तो चौथी रात आपको खुद ब खूद नींद आ जाएगी.

केविन मॉर्गन कहते हैं, ''अगर आपको एकाध ड्रिंक लेने की आदत है तो फिर कोई दिक्कत नहीं है, लेकिन अगर आपको इसकी आदत नहीं है तो ऐसा बिल्कुल ना करें. शराब कई बार आपको नींद में ले जाने के लिए बेहतर साबित होती है, लेकिन जगाने के लिए ये बिल्कुल सही नहीं है.''

इसके अलावा ठंडे पानी से नहाना भी कोई सही उपाय नहीं है, इससे आपको थोड़ी देर के लिए तो राहत मिल सकती है लेकिन ये ज्यादा कारगर नहीं है. अगर नहाना हो तो हल्के गुनगुने पानी से नहाएं.

मॉर्गन के अनुसार, ''मुख्य बात ये है कि ऐसी स्थिति में परेशान ना हों. अगर आप स्वस्थ हैं तो दो रात बगैर सोए भी रह सकते हैं.''

क्योंकि तीसरी रात तक आप इतने थक जाएंगे कि खुद-ब-खुद आपको नींद आ जाएगी, तापमान चाहे जैसा भी हो.

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