पाकिस्तान ने पांच अमरीकियों को दी सज़ा

  • 24 जून 2010
रेखाचित्र
Image caption पाकिस्तान ने सभी अमरीकी नागरिकों पर आतंकवाद के गंभीर आरोप लगाए हैं.

पाकिस्तान की एक अदालत ने पाँच अमरीकी नागरिकों को आतंकवाद के आरोप दस दस साल की सज़ा सुनाई है. इन सभी अमरीकी नागरिकों पर इंटरनेट के ज़रिए अल क़ायदा के आतंकवादियों से संपर्क करने और आतंकवादी हमलों की योजना बनाने का आरोप है.

ये सभी अमरीकी छात्र हैं जिनकी उम्र 19 से 25 साल के बीच है और ये वाशिंगटन के आस पास के रहने वाले हैं. इनके बारे में पुलिस और अन्य संगठनों के पास पहले से कोई संदेहजनक जानकारी भी नहीं रही है.

कुछ समय पहले इन छात्रों के परिवार वालों ने इनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट लिखाई थी जिसके बाद इन छात्रों को पाकिस्तान के सरगोडा इलाक़े से गिरफ़्तार किया गया था.

अभियोजकों का कहना है कि इनके पास संवेदनशील इलाक़ों के मानचित्र थे और वो हमलों की योजना बना रहे थे. इन पांचों के ख़िलाफ़ आंतकवाद निरोधक अदालत में मामला चला था. ये सभी फ़ैसले के ख़िलाफ़ अपील कर सकते हैं.

अधिकारियों का कहना है कि ये छात्र इंटरनेट पर ईमेल और यूट्यूब के ज़रिए अल क़ायदा के चरमपंथियों से संपर्क कर रहे थे.

हालांकि इन छात्रों का कहना है कि वो अफ़गानिस्तान जाकर ज़रुरतमंद मुसलमानों की मदद करना चाहते थे.

इन सभी के ख़िलाफ़ चले मामले की कवरेज़ की इजाज़त मीडिया को नहीं दी गई थी.

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