विदेश मंत्रियों की बातचीत जारी

भारत-पाक वार्ता ( फाइल फोटो)
Image caption पूर्व में दोनों देशों के बीच बातचीत हुई है लेकिन समग्र वार्ताएं नहीं शुरु हुई हैं.

भारत और पाकिस्तान के बीच समग्र वार्ता और विश्वास बहाली के मुद्दे पर दोनों देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक इस्लामाबाद में हुई जिसमें आतंकवाद और कश्मीर सहित द्विपक्षीय मुद्दों पर विचार विमर्श हुआ.

भारत के विदेश मंत्री एसएम कृष्णा ने भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व किया जबकि पाकिस्तान की ओर से विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने इस बैठक में भाग लिया.

इससे पहले दोनों देशों के विदेश मंत्रियों ने मुलाक़ात की जिसके बाद औपचारिक रुप से सभी समस्याओं के समाधान के लिए बातचीत शुरु हुई.

ख़बरें हैं कि दोनों देशों के विदेश मंत्रियों ने शांति वार्ता को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया पर चर्चा की और दोनों पक्षों ने इस बैठक से सकारात्मक प्रगति के संकेत दिए हैं.

अधिकारियों ने बताया कि भारतीय विदेश मंत्री की राष्ट्रपति आसिफ़ अली ज़रदारी और प्रधानमंत्री यूसुफ रज़ा गिलानी से मुलाक़ात के बाद बातचीत का एक और दौर होगा जिस के बाद संयुक्त पत्रकार वार्ता में फैसलों से अवगत कराया जाएगा.

इससे पहले बुधवार को जब भारत के विदेश मंत्री एसएम कृष्णा इस्लामाबाद पहुँचे थे उन्हों ने इस शांति वार्ता के सकारात्मक परिणाम सामने आने की बात कही थी.

उन्होंने एक बयान में कहा है कि वो शांति और दोस्ती का संदेश ले कर आए हैं और भारत और पाकिस्तान के बीच वार्ता ही एक मात्र विकल्प है.

2008 में हुए मुंबई हमलों के बाद किसी भारतीय विदेश मंत्री की यह पहली पाकिस्तान यात्रा है. पिछले महीने भारत के गृह मंत्री पी चिदंबरम सार्क शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए पाकिस्तान आए थे.

भारतीय विदेश मंत्री राष्ट्रपति आसिफ अली ज़रदारी, प्रधानमंत्री यूसुफ रज़ा गिलानी और विभिन्न राजनीतिक दलों के वरिष्ठ नेताओं से भी मुलाक़ात करेंगे.

इससे पहले 24 जून को भारत और पाकिस्तान के विदेश सचिवों की इस्लामाबाद में बैठक हुई थी जिसमें दोनों देशों के विदेश मंत्रियों के बीच होने वाली मुलाक़ात का एजेंडा तय किया गया था.

ग़ौरतलब है कि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और प्रधानमंत्री यूसुफ रज़ा गिलानी ने मार्च के अंत में सार्क शिखर सम्मेलन के दौरान भूटान में मुलाक़ात की थी और विश्वास बहाली पर सहमति जताई थी.

बाद में भूटान से लौटते ही पाकिस्तान के विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी ने कहा था कि सार्क शिखर सम्मेलन के दौरान भारत और पाकिस्तान के बीच संपर्क की बहाली की दिशा में आशा से बढ़ कर प्रगति हुई थी.

भारत और पाकिस्तान के विदेश मंत्रियों की यह बैठक उस मुलाक़ात की एक कड़ी है और दोनों देशों के बीच विश्वास बहाली के मुद्दे पर मुख्य रुप से चर्चा हुई.

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