पाक शहरों को सैलाब से बचाने की कोशिश

  • 5 सितंबर 2010
बाढ़ में
Image caption ज़िला दादू के ढाई सौ गांव में बाढ़ का पानी घुस चुका है.

पाकिस्तान के बाढ़ ग्रस्त सूबा सिंध के दादू ज़िले में अधिकारी सीता रोड, जोबी और मीहड़ शहरों को बाढ़ के पानी से बचाने की कोशिश में लगे हुए हैं.

पाकिस्तान में लगभग दो करोड़ लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं. लगभग 1600 लोग मारे गए हैं और लाखों हैक्टेयर उपजाऊ ज़मीन पानी की चपेट में आ गई है.

सिंध का शहर ख़ैरपुर नाथन शाह पहले ही डूब चुका है जबकि दादू के अधिकारियों का कहना है कि अब तक इस ज़िले के 250 गांव बाढ़ के पानी में डूब चुके हैं.

इन अधिकारियों का कहना है कि इसके कारण कोई आठ लाख लोग प्रभावित हुए हैं. ज़िला दादू की चार तहसील बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित हुई हैं जिनमें दादू, ख़ैरपुर, नाथन शाह, मीहड़ और जोबी शामिल हैं.

बाढ़ का पानी इस वक़्त ज़िला दादू के एक और शहर सीता रोड से डेढ़ किलोमीटर दूर है और पूर्व राज्य सांसद मोईन शाह ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि लोग शहर से न भागें बल्कि शहर के पुश्ते को सुरक्षित बनाने में प्रशासन की मदद करें.

बीबीसी के संवाददाता निसार खोखर के अनुसार सिंचाई विभाग के स्थानीय इंजीनियर शफ़क़त हुसैन का कहना है कि पानी अगर अभी मीहड़ शहर से दस किलो मीटर दूर है लेकिन अभी बाढ़ का ख़तरा टला नहीं है.

नहर में दरार

शफ़क़त हुसैन के अनुसार स्थानीय लोगों ने शहर को बाढ़ से बचाने के लिए मेहर नहर में दो दरार डाल कर पानी का रुख़ ख़ैरपुर नाथन शाह की ओर मोड़ दिया है जिसके कारण पानी में कमी हुई है.

ज़िला दादू की एक और तहसील जोबी को सैलाब के पानी से बचाने के लिए प्रशासन बांध को मज़बूत बनाने में लगे हुए हैं.

जोबी तहसील के 20 से अधिक गांव बाढ़ के रेले का निशाना बन गए हैं और मंक्षर झील में सैलाबी पानी के आने से वहां की झील के पानी के स्तर में लगातार बढ़ौतरी हो रही है.

ज़िला थट्टा के तटवर्तीय इलाक़े जाती और केटी बंदर के 20 अन्य गांवों में पानी भर गया है. इन इलाक़ों के लोग टठ्ठा की ओर निकल पड़े हैं.

Image caption ज़िला दादू के 80 हज़ार लोगों को शिविरों में पहुंचाया गया है.

उधर अधिकारियों का कहना है कि सिंधु नदी का बड़ा रेला अब समुंदर में गिर रहा है लेकिन उसके तटवर्तीय इलक़े प्रभावित हो रहे हैं.

इससे पहले बीबीसी उर्दू से बात करते हुए दादू के ज़िला संपर्क अधिकारी इक़बाल मेमन ने कहा कि बाढ़ से दादू में दो लाख और शहदाद कोट, जोबी तहसील, मीहड़ तहसील में लगभग आठ लाख लोग प्रभावित हुए हैं.

उन्होंने बताया कि अभी तक दादू से लोगों को निकलने के लिए कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है.

इक़बाल मेमन ने बताया कि कुल मिला कर दादू की स्थिति ख़राब है और वहां मदद की फ़ौरी ज़रूरत है. उन्होंने कहा कि इलाक़े में खाने और पीने के साफ़ पानी की ज़बर्दस्त कमी क़िल्लत है.

मेनन का कहना है, "हम योटिलिटी स्टोर से ख़ुराक ख़रीद कर प्रभावितों को भेजवा रहे हैं लेकिन हमें ख़ुराक की जितनी ज़रूरत है उतनी दी नहीं जा रही है."

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