रहमान मलिक की संसदीय सदस्यता निलंबित

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Image caption रहमान मलिक पर आरोप हैं कि वह पाकिस्तान और ब्रिटेन दोनों देशों के नागरिक हैं.

पाकिस्तान की सुप्रीम कोर्ट ने दोहरी नागरिकता के मामले में केंद्रीय गृह मंत्री रहमान मलिक की संसद की सदस्यता निलंबित कर दी है.

उन पर आरोप था कि वह पाकिस्तान और ब्रिटेन दोनों देशों के नागरिक है और सांसद बनने से पहले उन्होंने ब्रिटेन की नागरिकता ख़त्म नहीं करवाई थी.

रहमान मलिक संसद के ऊपरी सदन सिनेट के सदस्य है और पिछले चार वर्षों से उन्होंने गृह मंत्रालय का पद संभाला हुआ है.

अदालती फैसले के बाद अटर्नी जनरल इरफान कादिर ने कहा कि संसद के किसी सदस्य की सदस्यता ख़त्म करना अदालत के अधिकार क्षेत्र से बाहर है.

सलाहकार बनेंगे

सिनेट की सदस्यता निलंबित होने के बाद वे गृह मंत्री पद पर नहीं रह सकते हैं इसलिए केंद्र सरकार की ओर से उन्हें सलाहकार बनाए जाने की संभावना जताई जा रही है.

मुख्य न्यायधीश जस्टिस इफ्तिखार मोहम्मद चौधरी की अध्यक्षता में सुप्रीम कोर्ट की तीन सदस्यी खंडपीठ ने सोमवार को अपने फैसले में कहा कि रहमान मलिक जब सिनेट के सदस्य बने थे तो उस समय वे पाकिस्तान और ब्रिटेन दोनों देशों के नागरिक थे.

इससे पहले अदालत ने सत्ताधारी दल पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी की वरिष्ठ सांसद फरहानाज़ इस्फहानी की अमरीकी नागरिकता के आरोप में संसद की सदस्यता निलंबित कर दी थी.

अदालत ने दोहरी नागरिकता के मामले में 13 और सांसदों को नोटिस जारी कर दिए हैं, जिसमें सत्ताधारी दल और विपक्ष के सांसद शामिल हैं.

अदालत ने वित्त मंत्री हफ़ीज़ शेख़, सिनेट के उपाध्यक्ष साबिर बलोच और विपक्ष के वरिष्ठ सांसद ख़्वाजा आसिफ को भी नोटिस जारी कर दिए हैं.

दस्तावेज सही नहीं

रहमान मलिक के वकील चौधरी अज़हर ने अदालत को बताया कि उनके मुव्वकिल ने अपनी ब्रिटेन की नागरिकता खत्म कर दी है और उन्होंने अदालत में दस्तावेज़ भी पेश किए, लेकिन अदालत ने दस्तावेज़ों को नहीं माना.

जस्टिस जव्वाद ए ख्वाजा ने कहा कि अदालत में रहमान मलिक की ब्रिटेन की नागरिकता ख़त्म करने संबंधी जो दस्तावेज़ पेश किए गए हैं वह सही नहीं है.

उस मौके पर अटर्नी जनरल इरफान कादिर ने अदालत को बताया कि किसी भी सांसद की दोहरी नागरिकता से संबंधी कार्रवाई करने का अधिकार केवल संसद के अध्यक्ष के पास है.

ग़ौरतलब है कि अदालत में जिन सांसदों की सूचि पेश की गई है, उसमें पीपुल्स पार्टी के छह, मुत्ताहिदा कौमी मूवमेंट के दो जबकि पांच सांसदों का संबंध विपक्षी पार्टी मुस्लिम लीग नवाज़ से है.

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