लड़कियों, महिलाओं की रक्षा करे पाकिस्तान: अमरीका

 मंगलवार, 21 अगस्त, 2012 को 08:12 IST तक के समाचार
पाकिस्तान

पाकिस्तान में ईश-निंदा कानून के खिलाफ विरोध होता रहा है

अमरीकी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता विक्टोरिया नूलैंड ने कहा है कि ईश-निंदा कानून के तहत इस्लामाबाद में गिरफ्तार की गई 11 वर्षीय लड़की के मामले में अमरीका ने पाकिस्तान से निष्पक्ष तरीके से जांच कराने को कहा है.

पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने पाकिस्तान से अपील की, "हमने पाकिस्तान से अनुरोध किया है कि वह केवल अपने धार्मिक अल्पसंख्यक नागरिकों की ही नहीं बल्कि महिलाओं और लड़कियों की भी हिफाजत करे."

इस बच्ची पर कुरान-ए-कायदा का अपमान करने का आरोप है.

नूलैंड ने इस बात का स्वागत किया कि पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरजारी ने गृह मंत्रालय को मामले की जांच का आदेश दिया है और यह भी कहा है कि असुरक्षित लोगों को इस कानून के गलत इस्तेमाल से बचाने की जरूरत है.

"हमने पाकिस्तान से अनुरोध किया है कि वह केवल अपने धार्मिक अल्पसंख्यक नागरिकों की ही नहीं बल्कि महिलाओं और लड़कियों की भी हिफाजत करे"

अमरीका के विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता विक्टोरिया नूलैंड

एक सवाल के जवाब में नूलैंड ने कहा कि उन्हें यह चिंता है कि जिसे एक धार्मिक उद्देश्यों के लिए गलत इस्तेमाल बताया जा रहा है वो दरअसल कुछ और हो सकता है.

मामले की जांच

इससे पहले पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने मामले की जांच का आदेश दिया था.

ये घटना 17 अगस्त को जुमे की नमाज़ के बाद की है. पुलिस ने इस बच्ची को दफ़ा 295-डी के तहत गिरफ्तार किया था. बाद में उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में बाल-सुधारगृह भेजा गया था.

ये बच्ची इस्लामाबाद के गांव मेहरआबाद की रहने वाली है.

कहा जाता है कि उसकी दिमागी हालत ठीक नहीं है, लेकिन उसे क्या बीमारी है, इस बारे में कुछ नहीं कहा गया है.

पुलिस ने बच्ची के माता-पिता को भी उनकी हिफाजत के मद्देनजर ऐहतियातन हिरासत में लिया था.

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