BBCHindi.com
अँग्रेज़ी- दक्षिण एशिया
उर्दू
बंगाली
नेपाली
तमिल
 
गुरुवार, 15 जनवरी, 2004 को 03:42 GMT तक के समाचार
 
मित्र को भेजें कहानी छापें
समझौता एक्सप्रेस का सफ़र बहाल
समझौता एक्सप्रेस
समझौता एक्सप्रेस की चलने से पहले धुलाई - सफ़ाई
 

पाकिस्तान और भारत के बीच समझौता एक्सप्रेस का सफ़र फिर से शुरू हो गया है.

दिसंबर 2001 में भारतीय संसद पर हुए चरमपंथी हमले के बाद दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ गया था जिसका असर समझौता एक्सप्रेस पर भी पड़ा.

हालात सामान्य होने के साथ ही समझौता एक्सप्रेस ने भी अपना सफ़र फिर से शुरू कर दिया है.

अब इस रेलगाड़ी को दोस्ती एक्सप्रेस नाम से भी पुकारा जा रहा है.

यह रेलगाड़ी लाहौर से गुरुवार सुबह स्थानीय समयानुसार आठ बजे रवाना हुई और दोपहर बाद अटारी पहुँच गई.

ट्रेन में क़रीब 70 यात्री भारत के लिए रवाना हुए.

बहुत से लोगों का कहना था कि वीज़ा की मुश्किलों की वजह से रेलगाड़ी में सफ़र करने में दिक़्क़त हो रही है और बहुत से लोग चाहकर भी रेलगाड़ी में नहीं आ सके.

एक यात्री शेख़ औसाफ़ अहमद ने बताया कि लोगों को वीज़ा लेने के लिए लाहौर से इस्लामाबाद जाना पड़ता है.

लेकिन जो लोग इस रेलगाड़ी पर सवार हो सके वे बहुत ख़ुश थे.

एक यात्री आसिफ़ अहमद का कहना था, "सचमुच बहुत अच्छा लग रहा है."

एक महिला यात्री ख़दीजा बेगम तो फूले नहीं समा रही थीं, "मैं अपनी ख़ुशी लफ़्ज़ों में बयान नहीं कर सकती. मैं सचमुच बहुत ख़ुश हूँ."

हरे और पीले रंगों वाली इस रेलगाड़ी को फूलों और रंगबिरंगे झालरों से सजाया गया था.

इससे पहले बुधवार को भारत और पाकिस्तान के बीच समझौता हुआ था कि लाहौर और दिल्ली को जोड़ने वाली बस सेवा अगले पाँच साल तक जारी रखी जाएगी.

ये बस सेवा 1999 में शुरू की गई थी जबकि भारतीय प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ख़ुद बस के साथ लाहौर गए थे और पाकिस्तानी प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ ने उनका वहाँ स्वागत किया था.

इस बीच बुधवार रात नौ बजे दिल्ली से एक विशेष ट्रेन अटारी के लिए रवाना हुई जो गुरूवार को अटारी पहुँची और वहीं से समझौता एक्सप्रेस लाहौर के लिए रवाना हुई.

अभी सप्ताह में दो दिन यात्री दिल्ली से लाहौर तक की यात्रा कर पाएँगे.

रिश्तों में सुधार

दिसंबर 2001 में भारतीय संसद पर हमले के बाद भारत ने पाकिस्तान के साथ रेल संपर्क तोड़ लिया था.

समझौता एक्सप्रेस पर पाकिस्तानी यात्री
भारत में अपनों से मुलाक़ात का उत्साह
 

दिल्ली से पंजाब के अटारी स्टेशन तक की विशेष ट्रेन में दूसरे दर्जे की चार स्लीपर बोगियाँ और साधारण दर्जे की 10 बोगियाँ होंगी.

वहीं अटारी-लाहौर समझौता एक्सप्रेस में दूसरे दर्जे की एक स्लीपर बोगी और साधारण दर्जे की सात बोगियाँ होंगी.

भारत और पाकिस्तान के बीच आपसी सदभाव के लिए समझौता एक्सप्रेस 1976 से चलनी शुरू हुई थी.

दोनों देशों ने साथ ही में दूतावासों में राजनयिकों की संख्या बढ़ाने पर भी सहमति जताई है.

इसके अलावा पाकिस्तान इंटरनेशनल एयरलाइंस और इंडियन एयरलाइंस ने कराची और लाहौर की मुंबई और दिल्ली के बीच की उड़ान फिर से शुरू कर दी है.

इस तरह हालाँकि यातायात संबंध दोनों ही देशों के बीच बहाल हो गए हैं मगर वीज़ा को लेकर अभी तक काफ़ी कड़ाई है.

 
 
इससे जुड़ी ख़बरें
 
 
इंटरनेट लिंक्स
 
बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
 
सुर्ख़ियो में
 
 
मित्र को भेजें कहानी छापें
 
 
  मौसम |हम कौन हैं | हमारा पता | गोपनीयता | मदद चाहिए
 
BBC Copyright Logo ^^ वापस ऊपर चलें
 
  पहला पन्ना | भारत और पड़ोस | खेल की दुनिया | मनोरंजन एक्सप्रेस | आपकी राय | कुछ और जानिए
 
  BBC News >> | BBC Sport >> | BBC Weather >> | BBC World Service >> | BBC Languages >>