नग्न तस्वीरों वाले ऐप को गूगल प्ले पर जगह नहीं

मलिना

गूगल प्ले और ऐपल ने महिलाओं के इंस्टाग्राम पर नग्न तस्वीरें पोस्ट करने के लिए डिज़ाइन किए गए ऐप को ख़ारिज कर दिया है.

इस ऐप को अमरीकी मॉडल मेलिना डीमार्को ने डिज़ाइन किया है और उनके इस ऐप का नाम नूड है

वे बताती है कि ये एक फ़ोटो एडिटिंग ऐप है जिसमें महिलाएं अपने नग्न अंग के ऊपर नकली तस्वीरें लगा सकती हैं.

उनका कहना है कि तस्वीरों को सेंसर करने के दूसरे विकल्प- उदाहरण के तौर पर महिलाओं के नग्न अंगों पर काले बार और क्रॉस बनाना एक तरह से उसे और कामुक बना कर ही पेश करता है.

लेकिन ऐप स्टोर और गूगल प्ले स्टोर का कहना है कि इस मॉडल का ऐप नग्नता को बढ़ावा देता है.

इंस्टाग्राम की नग्न फ़ोटो की नीति पर हाल के दिनों में हमले भी किए गए हैं.

साइट के नियमों के अनुसार इंस्टाग्राम पर हिंसक, नग्न, आशिंक नग्न, पोर्नोग्राफिक या कामुक दिखने वाली फ़ोटो के दिखाने पर प्रतिबंध है.

इसका मतलब ये माना जाता रहा है कि एक पुरूष टॉपलेस तस्वीर पोस्ट कर सकता है, लेकिन महिला नहीं कर सकती हैं.

साल 2014 में दो मशहूर हस्तियों स्काउट विलिस और रिहाना ने इसका सार्वजनिक रूप से विरोध किया था, लेकिन इंस्टाग्राम ने अपने नियमों में कोई बदलाव नहीं किया.

कंपनी का कहना था कि इस समय उनकी प्राथमिकता इंस्टाग्राम को 'सुरक्षित जगह' बनाना है.

मॉडल मेलिना डीमार्को अपने इस ऐप को एक 'अस्थायी हल' बताती हैं. वो कहतीं है, ''इस ऐप को खारिज करके आप महिलाओं को अपने शरीर को सकारात्मक तरीके से पेश करने के अधिकार को खारिज कर रहे हैं.''

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