फ्रांस की रेड टीम बताएगी, जंग ऐसे भी हो सकती है

  • 24 जुलाई 2019
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Image caption बैस्टिल डे समारोह में नई एंटी-ड्रोन बंदूकों का प्रदर्शन किया गया

फ्रांस की सेना एक 'रेड टीम' बनाने जा रही है, जो बताएगी कि भविष्य में उसके सामने कैसे ख़तरे हो सकते हैं.

इस टीम में साइंस फ़िक्शन राइटर्स यानी विज्ञान विषयों पर लिखने वाले कहानीकार होंगे, जो भविष्य के ख़तरों की कल्पना करेंगे.

डिफेंस इनोवेशन एजेंसी (डीआईए) की एक नई रिपोर्ट के मुताबिक़ ये दूरदर्शी लोग जंग के ऐसे तरीक़ों के बारे में बताएंगे, जिनके बारे में सैन्य रणनीतिकारों ने कभी सोचा भी नहीं होगा.

रिपोर्ट के मुताबिक़ टीम का ये काम बेहद गोपनीय तरीक़े से होगा और "द्वेषपूर्ण तत्वों" के साथ लड़ाई में बेहद अहम होगा.

फ्रांस अपनी रक्षा प्रणाली में नयापन लाने की कोशिश कर रहा है, इसी क्रम में रेड टीम का गठन किया गया है.

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Image caption इंवेंटर फ्रेंकी ज़पाटा बैस्टिल डे समारोह में ऊपर से उड़ते हुए आए

पेरिस में बैस्टिल डे के मौक़े पर एक आविष्कारक समारोह में अपने जेट-पावर्ड फ्लाइबोर्ड पर सवार होकर आए और भीड़ के ऊपर उड़ने लगे.

फ्रेंकी ज़पाटा को देखकर लोग हैरान रह गए. इसके बाद राष्ट्रपति इमेन्युअल मैक्रों ने ये वीडियो ट्वीट किया और लिखा, "अपनी सेना, आधुनिक और उन्नत तकनीक पर मुझे गर्व है."

कौन है 'रेड टीम'?

इस टीम में चार या पांच साइंस फ़िक्शन लेखक हैं. उम्मीद की जा रही है कि ये समूह सेना के पारंपरिक तरीक़ों से आगे बढ़कर अधिक रचनात्मक तरीक़े से सोचेगा.

ये टीम उन तरीक़ों और एडवांस टेक्नोलॉजी की कल्पना करने की कोशिश करेगी, जिसके ज़रिए चरमपंथी समूह या दूसरे देश भविष्य में हमला कर सकते हैं.

फ्रांस के रक्षा मंत्री ने कहा कि देश के पास सैन्य नवाचार के लिए हर तरीक़ा है.

वहीं बैस्टिल डे में नेरोड एफ5 माइक्रोवेव जैमर का भी प्रदर्शन किया गया. ये हथियार राइफ़ल के आकार का होता है और इसे ड्रोन को निशाना बनाने के लिए तैयार किया गया है. ये पायलट के सिग्नल को ब्लॉक करके अपना काम कर देता है.

माली में फ्रांस की सेना की मदद के लिए रोबोट के इस्तेमाल की भी योजना है. इसके प्रयोग भी किए जा रहे हैं.

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