लैरी टेस्लर: कट-कॉपी-पेस्ट कमांड ईजाद करने वाले नहीं रहे

  • 20 फरवरी 2020
लैरी टेस्लर इमेज कॉपीरइट Getty Images

अगर आप कंप्यूटर इस्तेमाल करते हैं तो CUT...COPY..PASTE कमांड की अहमियत समझते होंगे. ये तीन कमांड ऐसी हैं जिनके बिना काम करना बेहद मुश्किल हो जाएगा.

इन तीनों कमांड को ईजाद करने वाले कंप्यूटर साइंटिस्ट लैरी टेस्लर का निधन हो गया है. टेस्लर 74 साल के थे.

कंप्यूटर में यूज़र इंटरफ़ेस के विकास के शुरुआती चरण में जिन लोगों ने अभूतपूर्व योगदान दिया, टेस्लर उनमें से एक थे.

साल 1960 के दशक में टेस्लर ने सिलिकॉन वैली में काम करना शुरू किया था. यह वो वक़्त था जब कंप्यूटर कुछ लोगों तक ही सीमित था.

शुरुआती वक़्त था और चीजे़ं बहुत नईं थीं, इसलिए कुछ कठिनाई भी थी. ये टेस्लर ही थे जिन्होंने कट, कॉपी और पेस्ट कमांड ईजाद की और कंप्यूटर को आम लोगों के लिए भी सुगम बना दिया.

इसके अलावा उन्होंने फ़ाइंड और रिप्लेस जैसी अन्य कई कमांड्स बनाई थीं, जिनसे टेक्स्ट लिखने से लेकर सॉफ़्टवेयर डिवेलप करने जैसे कई काम आसान हो गए.

यूज़र इंटरफ़ेस बनाने के एक्सपर्ट

टेस्लर ने अपने करियर का बड़ा वक़्त अमरीकी कंपनी ज़ेरॉक्स में गुज़ारा था. ज़ेरॉक्स ने उन्हें ट्वीट करके श्रद्धांजलि दी है.

ट्वीट में लिखा है, "cut, copy, paste, find और replace (ctrl+x, ctrl+c, ctrl+v) और ऐसे ही बहुत से कमांड बनाने वाले ज़ेरॉक्स के पूर्व रिसर्चर लैरी टेस्लर. जिस शख़्स ने आपके रोज़मर्रा के काम को आसान कर दिया, उस शख़्स को धन्यवाद."

लैरी टेस्लर का जन्म न्यूयॉर्क के ब्रॉन्क्स में साल 1945 में हुआ था. उनकी पढ़ाई कैलिफ़ोर्निया के स्टैन्फ़र्ड यूनिवर्सिटी में हुई.

ग्रेजुएशन की पढ़ाई करने के बाद उन्होंने यूज़र इंटरफ़ेज़ डिज़ाइन में विशेषज्ञता हासिल की. इसका पूरा मक़सद यही था कि कंप्यूटर को किस तरह लोगों के लिए आसान और सुविधाजनक बनाया जा सके.

अपने करियर में उन्होंने एक से बढ़कर एक और बड़े-बड़े तकनीकी संस्थानों में काम किया. उन्होंने शुरुआत ज़ेरॉक्स पैलो ऑल्टो रिसर्च सेंटर से की. इसके बाद स्टीव जॉब्स ने उन्हें एप्पल में आने के लिए कहा, जहां उन्होंने 17 साल काम किया.

एप्पल छोड़ने के बाद उन्होंने एक एजुकेशन स्टार्ट अप की स्थापना की. इसके अलावा वो थोड़े-थोड़े वक़्त के लिए अमेज़न और याहू में भी रहे.

हमेशा काम के लिए समर्पित रहे

साल 2012 में बीबीसी को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा था कि यह लगभग एक संस्कार की तरह है कि जब आप कुछ पैसे बना लेते हैं तो आप सिर्फ़ रिटायर नहीं होते हैं. आप अपना समय दूसरी कंपनियों में लगाते हैं.

उन्होंने कहा था, "यहां रोमांचित और उत्साहित होने के लिए एक बहुत बड़ी वजह ये होती है कि आप इस क़ाबिल होते हैं कि आप आने वाली पीढ़ी के साथ वो साझा करने के लिए तैयार होते हैं जो आपने सीखा है."

इमेज कॉपीरइट Getty Images

ताकि कंप्यूटर का इस्तेमाल हर कोई कर सके

यूं तो टेस्लर ने कंप्यूटर के क्षेत्र में बहुत कुछ काम किया है लेकिन उनका सबसे महत्वूर्ण और वो काम जिसने उन्हें पहचान भी दिलाई वो- CUT...COPY..PASTE कमांड ही है.

साल 1983 में एप्पल के सॉफ्टवेयर में लिसा कंप्यूटर पर इस कमांड को शामिल किया गया था और मूल मैकिन्तोश में भी उसी साल जारी किया गया था.

सिलिकॉन वैली के कंप्यूटर हिस्ट्री म्यूज़ियम का कहना है कि टैस्लर ने कंप्यूटर साइंस ट्रेनिंग को सभी के लिए आसान बनाया.

प्लेबैक आपके उपकरण पर नहीं हो पा रहा
13 साल का कंप्यूटर जीनियस

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)

बीबीसी न्यूज़ मेकर्स

चर्चा में रहे लोगों से बातचीत पर आधारित साप्ताहिक कार्यक्रम

सुनिए

संबंधित समाचार