क्यों फ़ेल हुई भारतीय टीम?

  • 15 दिसंबर 2014
विराट कोहली, टेस्ट क्रिकेट, भारत इमेज कॉपीरइट AFP

तमाम रिकॉर्डों और भारत के कप्तान विराट कोहली के शानदार प्रदर्शन के बीच भारतीय क्रिकेट टीम ऑस्ट्रेलिया से एडिलेड टेस्ट मैच 48 रन से हार गई.

भारत की हार के साथ ही टीम की कई कमियां भी सामने आ गईं.

फिल हयूज़ की मौत के बाद ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी ग़मगीन थे और कप्तान माइकल क्लार्क भी पूरी तरह फिट नहीं थे.

ऐसे में लगता था कि कहीं भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया पर भारी ना पड़ जाए, लेकिन ऐसा नहीं हुआ.

यक़ीनन टेस्ट क्रिकेट में एक कप्तान के तौर पर विराट कोहली अपने पहले इम्तिहान में कामयाब रहे.

उन्होंने बेहद धैर्य के साथ दोनों पारियों में शानदार बल्लेबाज़ी की और शतक भी जमाए.

लचर प्रदर्शन

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विराट कोहली के बाद सबसे शानदार प्रदर्शन सलामी बल्लेबाज़ मुरली विजय का रहा, ख़ासकर दूसरी पारी में उन्होंने जिस तरह से 99 रनों की पारी खेली.

एक बड़े स्कोर का पीछा करते हुए वह भी चौथी पारी में, ऐसा खेल दिखाना आसान नहीं हैं.

पहली पारी में भारत ने 444 रन जैसा बड़ा स्कोर भी बनाया.

चेतेश्वर पुजारा, अजिंक्य रहाणे और रोहित शर्मा ने भी ठीक-ठाक बल्लेबाज़ी की.

अगर इन्हीं बल्लेबाज़ों ने दूसरी पारी में भी कुछ दमख़म दिखाया होता तो मैच का परिणाम कुछ और ही होता.

सबसे कठिन पल

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विकेट में तेज़ गेंदबाज़ों के जूतों से बने कुछ पैच ज़रूर थे जिसका फ़ायदा नेथन लायन उठाने की कोशिश कर रहे थे.

सबसे कठिन पल कोहली और विजय ने निकाल दिए थे. अब ज़रूरी नहीं कि केवल दो बल्लेबाज़ ही सारा भार उठाकर भारत को जीत दिलाएं.

पुजारा, रहाणे और रोहित शर्मा कोई अनुभवहीन खिलाड़ी नहीं हैं और ना ही ऐसा है कि वो पहली बार किसी विदेशी दौरे पर हैं.

रोहित शर्मा के चयन पर अब सवाल खड़े होंगे तो शिखर धवन को भी कुछ कर के दिखाना होगा.

वैसे विराट कोहली का ग़ैरज़िम्मेदारी भरे शॉट से आउट होना भी क्रिकेट समीक्षकों को खल रहा है.

धोनी की वापसी

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Image caption (फ़ाइल फ़ोटो)

गेंदबाज़ी में ईशांत शर्मा, वरुण एरॉन और मोहम्मद शामी सही लाइन लेंथ से गेंदबाज़ी नहीं कर सके तो स्पिनर कर्ण शर्मा का चयन भी समझ से परे रहा.

अब अगले मैच में कप्तान महेंद्र सिंह धोनी टीम में आ जाएंगे.

दूसरी तरफ ऑस्ट्रेलिया के कप्तान माइकल क्लार्क ने पीठ में दर्द के बावजूद साहसिक शतकीय पारी खेली.

इसके अलावा दोनों पारियों को उन्होंने सही समय पर समाप्त घोषित किया जिससे मैच में जान बनी रही.

अब उनका खेलना मुश्किल है जिसका फ़ायदा भारत को मिल सकता है.

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