जल्लीकट्टू: 'आग लगाने वाली पुलिस' के वायरल वीडियो

  • 24 जनवरी 2017
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Image caption सोशल मीडिया पर ऐसे कई वीडियो वायरल हुए हैं जिनमें पुलिस लोगों को पीटती और वाहनों में आग लगाती दिख रही है.

तमिलनाडु में जल्लीकट्टू के लिए हो रहे विरोध-प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा में पुलिस की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं.

सोशल मीडिया पर ऐसे कई वीडियो वायरल हो रहे हैं जिनमें पुलिसकर्मी ही या तो वाहनों को तोड़ते हुए या फिर आग लगाते हुए दिख रहे हैं.

जल्लीकट्टू के लिए बीते सप्ताह से हो रहा प्रदर्शन सोमवार को हिंसक हो गया था.

पुलिस ने चेन्नई के मरीना बीच से प्रदर्शनकारियों को ज़बरदस्ती हटाने की कोशिश की थी, जिसके बाद राज्य के कई इलाकों से आगजनी और झड़पों की ख़बरें आई हैं.

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प्रदर्शनकारियों ने आइसबॉक्स पुलिस स्टेशन के कुछ हिस्से को भी आग लगा दी थी.

लेकिन मंगलवार से सोशल मीडिया पर ऐसी तस्वीरें और वीडियों शेयर किए जा रहे हैं जिसमें पुलिस वाले ही संपत्तियों को नुक़सान पहुँचाते दिख रहे हैं.

सोमवार को चेन्नई के मरीना बीच पर कवरेज कर रहे बीबीसी पत्रकार का कैमरा भी पुलिस ने तोड़ दिया.

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ऐसे ही एक वीडियो को अभिनेता कमल हासन ने भी ट्वीट किया है.

कमाल हासन ने पत्रकारों से कहा है, "मैं उम्मीद करता हूँ कि ये खाकी वर्दी में आए कुछ अभिनेता हैं, असली पुलिस वाले नहीं."

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लोग सोशल मीडिया पर इन वीडियो को लेकर सवाल भी उठा रहे हैं.

शेशादरी कुमार ने लिखा, "ये बहुत ही परेशान करने वाले वीडियो हैं."

जस्टिस फॉर जल्लीकट्टू (@_imjone) अकाउंट से लिखा गया, "सभी लोग सुरक्षित रहें, कभी सोचा नहीं था कि पुलिस महिलाओं पर इस तरह हमला करेगी."

इस बीच चेन्नई के पुलिस कमिश्नर ने कहा है, "पुलिस पर हिंसा में शामिल होने के सभी आरोप बेबुनियाद हैं, असामाजिक तत्व प्रदर्शनों में घुस आए हैं. सोशल मीडिया की भी इसमें भूमिका हैं."

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