सार्क में 'आतंकवाद' और समुद्री सुरक्षा पर बातचीत

रहमान मलिक
Image caption पाकिस्तान के गृह मंत्री ने भारत-पाक संबंध को बेहतर बनाने पर ज़ोर दिया है

दक्षिण एशिया सहयोग संगठन यानी सार्क देशों के गृह मंत्रियों की बैठक इस्लामाबाद में हो रही है जिसमें आतंकवाद और चरमपंथ मुख्य मुद्दा है.

पाकिस्तान के गृह मंत्री रहमान मलिक की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में भारत, बांग्लादेश, नेपाल और सार्क के अन्य सदस्य देशों के गृह मंत्रियों ने भाग लिया और आतंकवाद के ख़ात्मे सहित कई अन्य क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई गई.

इस बैठक में अप्रवास, पुलिस के तंत्र को मज़बूत करने और मनी लॉनड्रिंग के ख़ात्मे के लिए मिलकर काम करने के प्रस्ताव सामने आए जिसकी मंज़ूरी के लिए घोषणा पत्र जारी किया जाएगा.

पाकिस्तान के गृह मंत्री रहमान मलिक ने बैठक में बात करते हुए कहा," सार्क के सभी देश आतंकवाद जैसे गंभीर मुद्दे को ख़त्म करना चाहते हैं और इस बैठक के बाद कुछ रणनीति बनाई जाएगी."

सार्क देशों के गृह मंत्रियों ने समुद्री सुरक्षा से जुड़े मसलों पर भी बात की है. श्रीलंका और मालदीव ने समुद्री सुरक्षा के प्रस्ताव को उठाया है.

चिदंबरम और मलिक की मुलाक़ात

इस बीच भारत के गृह मंत्री पी चिदंबरम ने शुक्रवार को पाकिस्तान के गृह मंत्री रहमान मलिक और विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी से इस्लामाबाद में अहम मुलाक़ात की.

बताया जा रहा है कि चिदंबरम ने जमात-उल-दावा के प्रमुख हाफिज़ सईद और 26/11 से जुड़े लोगों के ख़िलाफ़ तुरंत क़दम उठाने के लिए कहा. इनमें वो लोग भी शामिल हैं जिनके बारे में कहा जाता है कि वे पाकिस्तानी सेना से जुड़े हुए हैं.

रहमान मलिक ने पत्रकारों को बताया कि दोनों गृह मंत्रियों की मुलाक़ात बहुत अच्छे माहौल में हुई और दोनों चरमपंथ के ख़ात्मे के लिए वचनबद्ध हैं.

पाकिस्तान का दौरा करने वाले चिदंबरम पिछले तीन दशकों में पहले भारतीय गृह मंत्री हैं. चिदंबरम ने आंतरिक मंत्रालय में रहमान मलिक से मुलाक़ात की जहाँ उन्हें गार्ड ऑफ़ ऑनर दिया गया और रेड कार्पेट पर उनका स्वागत हुआ.

रिपोर्टों के मुताबिक चिदंबरम ने रहमान मलिक से कहा है कि मुंबई हमलों से जुड़े मामलों पर पाकिस्तान उसी गंभीरता से काम करे.

पीटीआई के अनुसार भारतीय गृह मंत्री ने मुंबई हमलों से जुड़े पाकिस्तानी लोगों के आवाज़ों के नमूने भी माँगे. इसके अलावा जम्मू-कश्मीर सीमा पर घुसपैठ पर भी चर्चा हुई.

रहमान मलिक से मुलाक़ात के बाद चिदंबरम ने पाकिस्तानी विदेश मंत्री से भी मुलाक़ात की.

अपने पाकिस्तान दौरे से पहले पी चिदंबरम ने गुजरात के जेलों में बंद चार पाकिस्तानी नागरिकों को रिहा करने का आदेश दिया था.

मुंबई हमलों के बाद भारत के किसी भी मंत्री की ये पहली पाकिस्तान यात्रा है.

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