अफगानिस्तान में गुस्सा, तालिबान की धमकी

  • 12 मार्च 2012
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Image caption कंधार हत्याकाँड से राष्ट्रपति करजई की मुश्किलें बढ़ीं

अफगानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करजई ने कहा है कि एक अमरीकी सैनिक के हाथों 16 लोगों की हुई हत्या से दोनों देशों के बीच नए सामरिक समझौते पर चल रही बातचीत पर असर पड़ सकता है.

इस बातचीत का मकसद वर्ष 2014 के बाद भी अमरीकी सैनिकों को अफगानिस्तान में रखना है. अफगानिस्तान में एक अमरीकी सैनिक की अंधाधुंध गोलीबारी में 16 अफगान नागरिकों को मारे जाने के बाद वहाँ तैनात अमरीकी सैनिकों को सतर्क रहने को कहा गया है.

अफगानिस्तान की संसद में इस गोलीबारी के खिलाफ एक कड़ा प्रस्ताव पारित किया गया है. इस प्रस्ताव में कहा गया है कि इस सैनिक के खिलाफ अफगानिस्तान की अदालत में सार्वजनिक मुकदमा चलना चाहिए.

प्रस्ताव में कहा गया है कि विदेशी सैनिकों की कार्रवाई से लोगों के सब्र का बाँध टूट गया है.

इस बीच अमरीकी अधिकारियों ने आगाह किया है कि बदले की कार्रवाई हो सकती है. कंधार के ठिकाने के पास अमरीकी सैनिक के अंधाधुंध गोली चलाए जाने से 16 लोग मारे गए थे, जिनमें नौ बच्चे थे.

अमरीका के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने अफगानिस्तान के राष्ट्रपति हामिद करजई को फ़ोन कर इस घटना पर दुख प्रकट किया है.

तालिबान ने कंधार में हुई इन हत्याओं का बदला लेने की धमकी दी है. अपनी वेबसाइट पर दिए गए वक्तव्य में उन्होंने कहा है कि यह काम बीमार मानसिकता वाले अमरीकी दरिंदों ने किया है.

कंधार के पास के गाँव के बुज़ुर्गों ने माँग की है कि राष्ट्रपति करज़ई इस बात की जाँच कराएं कि रविवार की सुबह एक अमरीकी सैनिक किस तरह गाँव में घुस कर यह हत्याएं करने में सफल रहा.

ओबामा की माफी

अफगान नेता ने पहले ही एक वरिष्ठ प्रतिनिधिमंडल को कंधार भेजने का आदेश दिया है. कंधार उनका गृह प्रदेश है और तालिबानी चरमपंथियों का गढ़ भी है.

कुछ स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि हो सकता है कि इस हत्याकांड में एक से अधिक अमरीकी सैनिक शामिल हों. उन्होंने उन पर शराब पीकर यह काम करने का आरोप भी लगाया है जिसका अमरीकियों ने खंडन किया है.

राष्ट्रपति ओबामा ने इस घटना के लिए माफी माँग इस पर अपना क्षोभ प्रकट किया है लेकिन बीबीसी के काबुल संवाददाता का कहना है कि इस हत्याकांड ने पहले से ही संकट में चल रहे अफगान-अमरीकी संबंधों को और नुकसान पहुँचाया है.

अमरीकी रक्षा मंत्री लिओन पनेटा ने इस पूरी घटना की जाँच के आदेश दिए हैं. अधिकारियों के अनुसार उस अमरीकी सैनिक को कंधार में ही हिरासत में रखा गया है जबकि अमरीकी सेना घटना में घायल कम से कम पाँच लोगों का उपचार कर रही है.

गिरफ़्तार किए गए अमरीकी सैनिक का नाम नहीं बताया गया है लेकिन एसोसिएटेड प्रेस ने एक अमरीकी अधिकारी के हवाले से बताया है कि इस व्यक्ति की आयु 38 वर्ष है.

वह शादीशुदा है और उसके तीन बच्चे हैं. इससे पहले वह तीन बार इराक में तैनात किया जा चुका है. अफ़गानिस्तान में उसे पहली बार भेजा गया है.

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