फ़ाइनल में पहुंचने की उम्मीद बरक़रार

नेहरु कप
Image caption श्रीलंका के ख़िलाफ़ दूसरा गोल दागने के बाद ख़ुशी मनाते गौरामांगी और कप्तान भूटिया

नेहरु कप फ़ुटबॉल टूर्नामेंट में बुधवार को श्रीलंका को हराने के साथ ही मेज़बान भारत फ़ाइनल में जगह बनाने के और करीब पहुंच गया है.

भारत के लिए इस मैच में जीतना ज़रुरी था क्योंकि अगर वो यह मैच हार जाता तो फिर उसका फ़ाइनल में पहुंचना असंभव हो जाता.

भारत को 29 अगस्त को सीरिया के ख़िलाफ़ आखिरी लीग मैच खेलना है. उसका फाइनल में पहुंचना न सिर्फ इस मैच के नतीजे पर बल्कि सीरिया और लेबनान के बीच गुरुवार को होने वाले मैच पर भी निर्भर करता है.

भारतीय कोच बॉब हाउटन भी कहते हैं कि हालांकि भारत के फ़ाइनल में पहुंचने की अच्छी संभावना है लेकिन काफी कुछ लेबनान और सीरिया के बीच मुकाबले पर निर्भर करता है. हाउटन कहते हैं कि लेबनान की सीरिया पर जीत समीकरण बदल सकती है.

सीरिया प्रतियोगिता में सबसे श्रेष्ठ फीफा रैंकिंग वाली टीम है और उसने अपने अब तक के दोनों मैच जीतकर छह अंक जुटा लिये हैं. ऐसे में लेबनान से ड्रॉ खेलने के बाद भी वो फाइनल में जगह बनाने में कामयाब हो जायेगा. लेकिन अगर लेबनान बड़ा उलट-फेर कर सीरिया को हरा देता है तब उसके सात अंक हो जायेंगे.

वहीं प्रतियोगिता में भारत ने तीन मैचों में दो जीत दर्ज कर छह अंक जुटा लिये हैं. अगर वो शनिवार को सीरिया को हरा देता है तो नौ अंक के साथ वो फाइनल में पहुंच जायेगा. लेकिन अगर ये मुकाबला बराबरी पर छूटता है और उधर लेबनान सीरिया से जीत जाता है तो दोनों टीमों के सात-सात अंक होंगे. ऐसे में फाइनल में दूसरी टीम का फैसला गोल के अंतर से होगा.

बुधवार को भारत ने श्रीलंका को 3-1 से हराया था. लेकिन कोच बॉब हाउटन का मानना है कि भारतीय डिफेंस में कमी रही है. उनका कहना था जिस तरह भारत ने मैच में दबदबा बनाये रखा उससे देखते हुए उसे कहीं बड़े अंतर से जीतना चाहिये था. मगर फिर भी वो टीम के प्रदर्शन से खुश हैं.

शुक्रवार को श्रीलंका और किर्गिस्तान के बीच मैच खेला जायेगा.

भारत ने दो साल पहले आयोजित नेहरु कप जीता था और इस बार वो कप का दावेदार भी है.

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