अब फ़ुटबॉल में मैच फ़िक्सिंग?

पीटर लिमाचर
Image caption यूरोप में फ़ुटबॉल के मैचों में बड़ी फ़िक्सिंग की जांच जारी है

जर्मनी के अधिकारियों का कहना है कि मैच फ़िक्सिंग मामले में लगभग 200 यूरोपीय फ़ुटबॉल मैचों की जाँच की जा रही है.

अधिकारियों का कहना है कि इनमें से कम से कम तीन मैच चैम्पियंस लीग के हैं और 12 अन्य यूएफ़ा यूरोपीय लीग के हैं.

यूरोपीय फ़ुटबॉल एसोसिएशन (यूएफ़ा) के प्रतिनिधि पीटर लिमाचर ने इसे 'यूरोप को प्रभावित करने वाला सबसे बड़ा मैच फ़िक्सिंग' का मामला बताया है.

गुरुवार को पुलिस ने जर्मनी, ब्रिटेन, स्विट्ज़रलैंड, ऑस्ट्रिया में लगभग 50 छापे मारे जिसमें उन्होंने 17 लोगों को गिरफ़्तार किया है और पैसे और अन्य सामग्रियाँ बरामद की हैं.

गिरफ़्तार लोगों में से 15 लोगों को जर्मनी में गिरफ़्तार किया गया है जबकि स्विट्ज़रलैंड से दो लोग गिरफ़्तार किए गए हैं.

मैच फ़िक्सिंग मामले में जिन फ़ुटबॉल मैचों की जांच की जा रही है वे जर्मनी, बेल्जियम, स्विट्ज़रलैंड, क्रोएशिया, स्लोवेनिया, तुर्की, हंगरी, बोस्निया हर्ज़ेगोविना और ऑस्ट्रिया में खेले गए थे.

अधिकारियों का कहना है कि सितंबर के महीने में यूएफ़ा ने बताया था कि वह 40 मैचों की जाँच कर रहा है.

कड़े क़दम

जाँच अधिकारियों का मानना है कि 200 लोगों के एक सशक्त अपराधी गिरोह ने खिलाड़ियों, कोचों, रेफ़रियों और अन्य अधिकारियों को मैच के नतीजों का सौदा करने के लिए पैसे दिए.

यह जाँच जर्मनी के अधिकारी कर रहे हैं और इसे यूएफ़ा और यूरोपीय फ़ुटबॉल संस्था का समर्थन हासिल है.

जितने भी मैच शक के घेरे में हैं वे इसी साल खेले गए हैं. लेकिन अधिकारियों ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि वह मैच क्वालिफ़ाइंग राउंड के थे या ग्रुप राउंड के.

जर्मनी में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए लिमाचर ने कहा कि यह स्पष्ट रूप से यूरोपीय फ़ुटबॉल का सबसे बड़ा मैच फ़िक्सिंग स्कैंडल है. उन्होंने कहा कि हम लोग इसके व्यापक रूप से स्तब्ध रह गए हैं.

उन्होंने कहा कि अच्छा संकेत यह है कि इस मामले में गिरफ़्तारियाँ हुई हैं जिससे यह पता चलता है कि अनुसंधान व्यवस्था काम कर रही है.

उन्होंने कहा, "हमें कुछ संतोष है, लेकिन दूसरी और हम लोग मैच फ़िक्सिंग के अंतरराष्ट्रीय गिरोह के सक्रिय होने से चिंतित हैं."

यूएफ़ा के महासचिव गियानी इंफ़ैनटिनो एक बयान में कहा कि हम यूरोपीय फ़ुटबॉल में किसी तरह के भ्रष्टाचार को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेंगे.

Image caption यूएफ़ा अधिकारी का कहना है इस मामले में ज़ीरो टॉलेरैंस दिखाया जाएगा

उन्होंने कहा, "यूएफ़ा की मांग होगी कि मैच फ़िक्सिंग मामले में शामिल व्यक्ति, क्लब और अधिकारी के ख़िलाफ़ कड़ी कार्रवाई की जाए, चाहे वह किसी देश के क़ानून के अंतर्गत हो या फिर खेल संस्था के नियमों के तहत."

जर्मनी के एक पुलिस अधिकारी ने बीबीसी को बताया है कि ब्रिटेन इस जाँच में पूरी मदद कर रहा है हालाँकि ब्रिटेन में खेले जाने वाला कोई भी मैच शक के घेरे में नहीं है.

इस साल की शुरुआत में यूएफ़ा अध्यक्ष माइकल प्लातीनी ने मैच फ़िक्सिंग को फ़ुटबॉल के लिए सबसे बड़ा ख़तरा बताया है.

इटली के क्लब युवेन्टस, फ़्लोरेंटिना, लात्ज़ियो, एसी मिलान को 2006 में मैच-फ़िक्सिंग का अपराधी पाया गया. युवेन्टस को निकाल दिया गया जबकि फ़्लोरेंटिना, लात्ज़ियो और एसी मिलान के अंक काट लिए गए.

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