नज़र मेडल पर:समरेश जंग

  • 4 अगस्त 2010

परिचय

प्रस्तुति: पवन नारा

समरेश जंग का जन्म 19 मई 1970 को दिल्ली में हुआ. समरेश केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात है. राष्ट्रमंडल खेलों में समरेश का प्रदर्शन काफी अच्छा रहा है पर चीन में ओयोजित हुए बीजींग ओलंपिक में वो कुछ खास प्रदर्शन नहीं कर पाए. इस पर समरेश कहते है "मैं ये तो नहीं कहुंगा कि मेरा प्रदर्शन उतना अच्छा था लेकिन अनुभव के लिहाज से मेरे लिए वो अनुभव काफी अच्छा था."

समरेश जंग का परिचय

समरेश निशानेबाज़ो के लिए आने वाली परेशानियों के बारे मे कहते है. "पहले तो हथियार हासिल करने में दिक्कत होती थी लेकिन अब हर खिलाड़ी के पास अपना हथियार है इसलिए इसको लेकर कोई समस्या नहीं है लेकिन बंदूक के लिए गोलियां हासिल करने में अभी भी समस्या होती है.शूटिंग के लिए व्यक्तिगत तौर पर खिलाडी सिर्फ 15 हज़ार गोलियां ही आयात कर सकते हैं लेकिन किसी भी कंपनी के लिए इतनी कम गोलियां भेजना आसान नहीं होता, जिसे फेडेरेशन या सरकार ही मंगवा सकती है."

खेलों की तैयारियाँ

राष्ट्रमंडल खेल-2010 दिल्ली में हो रहें है इसलिए घरेलू दर्शकों का दबाव तो निश्चित होगा ... इसपर समरेश कहते है "उनको काफ़ी उम्मीद रहेगी. लोग तो बहुत कुछ उम्मीद कर लेते है लेकिन मैं अपने हिसाब से इसे देखता हूं, मुझे शूटिंग अपने लिए करना है. सच क्या है लोग उसके हिसाब से नहीं सोचते".

राष्ट्रमंडल खेल के लिए निशानेबाज़ी की तैयारी म्यूनिख में शुरू हुई है इस पर उनका कहना है, "जैसा हम चाहते थे वैसी तैयारी तो नहीं है फिर भी ठीक है, मैं उम्मीद तो यही करता हूं कि टीम का प्रदर्शन पिछली बार से अच्छा रहेगा."

इस खेल में एकाग्रता बनाए रखने के लिए तरह-तरह के उपाय भी किए जाते हैं चाहे वे योग हो या मेंटल ट्रेनिंग लेकिन समरेश जंग इधर-उधर ध्यान देने के बजाए अपने काम पर ज़्यादा ध्यान देते हैं.

निशानेबाज़ी के प्रति लोगों के रवैये पर समरेश कहते है " मुझे लगता है कि लोग उतना ध्यान नहीं देते हैं इस खेल पर. जब हम मेडल जीतते हैं तो लोगों का ध्यान आकर्षित करता है लेकिन उसके पहले या उसके बाद नहीं. लोगों में शूटिंग के प्रति जागरुकता नहीं है, हम और ज़्यादा मेडल जीतेंगे और अच्छा प्रदर्शन करेंगे तो लोग में जागरुकता बढ़ेगी और इस खेल में लोग आ सकते हैं."

उपलब्धियां

समरेश जंग ने मेनचेस्टर राष्ट्रमंडल खेल-2002 में 50 मीटर पिस्टल और 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा मे दो स्वर्ण जीते. इसके अलावा उन्होने तीन रजत पदक भी हासिल किए.

इसके बाद मेलबर्न राष्ट्रमंडल खेल-2006 में समरेश ने पाँच स्वर्ण, एक रजत और एक कांस्य पदक जीते

स्वर्ण पदक

पुरुषों की 50 मीटर पिस्टल प्रतियोगिता में

पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल प्रतियोगिता में

पुरुषों की 25 मीटर पिस्टल प्रतियोगिता में

पुरुषों की 10 मीटर एयर पिस्टल प्रतियोगिता में

पुरुषों की 25 मीटर स्टैंडर्ड पिस्टल प्रतियोगिता में

रजत पदक

पुरुषों की 50 मीटर पिस्टल प्रतियोगिता में

कांस्य पदक

पुरुषों की 25 मीटर पिस्टल प्रतियोगिता में

इस उपलब्धि के लिए उनको 'सर्वश्रेष्ठ एथलीट' का सम्मान भी दिया गया. वे भारत के पहले ऐसे खिलाड़ी बनें जिन्हें इस सम्मान से नवाज़ा गया.