सामने आईं खेल गाँव की दुर्दशा की तस्वीरें

खेल गाँव की दुर्दशा

बीबीसी हिंदी को मिली राष्ट्रमंडल खेल गाँव की तस्वीरों से वहाँ की दुर्दशा की असली कहानी सामने आ गई है.

पिछले दो दिनों में ली गई तस्वीरों में साफ़ तौर पर दिख रहा है कि कैसे बाथरूम बुरी तरह गंदे हैं, पान की पीक हर तरफ़ दिख रही है, बिस्तर पर कुत्ते के पैरों के निशान हैं और रिहायशी इमारत के बाहर ही पानी भरा हुआ है.

खेल गाँव की दुर्दशा की तस्वीरें

खेल गाँव में एथलीट्स का आना गुरुवार से ही शुरू होना है मगर स्कॉटलैंड, कनाडा और न्यूज़ीलैंड की टीमों ने अपना दौरा आगे बढ़ा दिया है.

राष्ट्रमंडल खेलों के आयोजन पर उठते सवालों के बीच प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने एक आपात बैठक हुई है. इस बैठक में खेल मंत्री एमएस गिल और शहरी विकास मंत्री जयपाल रेड्डी भी शामिल हुए. इस बैठक में क्या कुछ तय हुआ ये अभी साफ़ नहीं हुआ है.

इसीबीच आयोजन समिति के चेयरमैन सुरेश कलमाड़ी ने कहा है कि वो खेल गांव में चल रहे काम की प्रगति से ख़ुश हैं. उन्होंने कहा, "हमारा मानना है कि इसके बाद कोई गंभीर शिकायतें नहीं आएंगीं. और कोई भी टीम खेलों से अपना नाम वापस नहीं लेगी."

पिछले दिनों खेल गाँव में ख़राब व्यवस्था और महत्वपूर्ण जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम के बाहर एक ब्रिज के गिरने के बाद तैयारियों को लेकर काफ़ी सवाल उठे हैं.

वेल्स, स्कॉटलैंड, ऑस्ट्रेलिया और न्यूज़ीलैंड के कई खिलाड़ियों ने ख़राब व्यवस्था और सुरक्षा चिंताओं का हवाला देते हुए राष्ट्रमंडल खेलों से अपना नाम वापस ले लिया है.

दिल्ली राष्ट्रमंडल खेल तीन से 14 अक्तूबर तक होने हैं.

रवानगी टली

खेल गाँव में ख़राब व्यवस्था के कारण स्कॉटलैंड और न्यूज़ीलैंड ने निर्धारित कार्यक्रम के मुताबिक़ अपने खिलाड़ियों की भारत रवानगी टाल दी है.

इस बीच राष्ट्रमंडल खेल फ़ेडरेशन के प्रमुख माइक फ़ेनेल भी गुरुवार को दिल्ली पहुँच रहे हैं. उन्होंने भी प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से मिलने का वक़्त मांगा है.

दिल्ली में लगातार हो रही बारिश के कारण भी कई तरह की मुश्किलें पैदा हो रही है. इंग्लैंड के टीम मैनेजर का कहना है कि बारिश के कारण कई कमरों में पानी भरा है और ये काफ़ी ख़तरनाक है.

बारिश के कारण कई जगह निर्माण कार्यों में भी देरी हो रही है. इस बीच पिछले दिनों जामा मस्जिद के बाहर एक पर्यटक बस पर हुई गोलीबारी के कारण भी सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए जा रहे हैं.

हालाँकि अधिकारियों ने पुख़्ता सुरक्षा व्यवस्था का आश्वासन दिया है लेकिन ऑस्ट्रेलिया की प्रधानमंत्री जुलिया गिलार्ड ने कहा है कि वे दिल्ली में और सुरक्षा अधिकारियों को भेजेंगी.

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