विश्व कप के लिए फ़ैक्टरियाँ बंद

  • 25 फरवरी 2011
बांग्लादेश
Image caption बांग्लादेश में बिजली की काफ़ी कमी है

बांग्लादेश में अधिकारियों ने राजधानी ढाका में चल रही फ़ैक्टरियों को हर शाम बंद करने को कहा है ताकि बिजली की बचत हो सके और क्रिकेट प्रेमी टेलीविज़न पर मैच देख सकें.

ढाका इलेक्ट्रिक सप्लाई कंपनी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया, "हमने फ़ैक्टरियों को आदेश जारी किया है कि वे शाम पाँच बजे से रात ग्यारह बजे तक अपना काम बंद रखें ताकि बिजली बचाई जा सके और क्रिकेट प्रेमी विश्व कप मैचों का आनंद ले सकें."

अधिकारियों का कहना है कि इस फ़ैसले से क़रीब पाँच हज़ार उद्योग और फ़ैक्टरियाँ प्रभावित होंगी. भारत और श्रीलंका के साथ-साथ बांग्लादेश भी विश्व कप की मेज़बानी कर रहा है.

विश्व कप प्रतियोगिता 19 फरवरी से शुरू हुई है और दो अप्रैल को इसका फ़ाइनल खेला जाएगा.

इस फ़ैसले के बाद भी अगर फ़ैक्टरियाँ इन समयों पर अपना काम शुरू करना चाहेंगी तो भी ऐसा नहीं हो पाएगा क्योंकि उस समय बिजली अपने आप ही कट जाएगी.

आवश्यकता

अधिकारियों का कहना है कि इस समय उन्हें बिजली की और आवश्यकता है क्योंकि इस समय धान की खेती में पानी की आवश्यकता होती है और सिंचाई के लिए बिजली ज़रूरी है.

इससे अधिकारियों ने लोगों से एयर कंडिशनर, वाटर पम्प, माइक्रो ओवेन और अन्य बिजली के उपकरणों का इस्तेमाल कम करने की अपील भी की थी.

बिजली विभाग के एक अधिकारी ने बताया, "हमने पहले भी बिजली बचाने के लिए ऐसा किया था. लेकिन विश्व कप के कारण हम पर बहुत दबाव बढ़ गया है."

बांग्लादेश में बिजली की कमी बहुत बड़ी समस्या है और इसको लेकर कई बार हिंसक प्रदर्शन भी हो चुके हैं.

अधिकारियों ने विश्व कप फ़ुटबॉल के समय भी ऐसा किया था क्योंकि फ़ुटबॉल फ़ैन्स ने उस समय भी काफ़ी हंगामा किया था.

बांग्लादेश में सिर्फ़ 45 प्रतिशत लोगों को ही बिजली मिल पाती है. जिनको मिलती है वे भी बिजली की कमी से परेशान रहते हैं. देश में दो हज़ार मेगावॉट बिजली की कमी है.

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