वेलोड्रम के बादशाह-क्रिस होय

  • 20 जुलाई 2012

ट्रैक साइक्लिंग के चार ओलंपिक स्वर्ण पदकों के साथ क्रिस होय अभी तक ओंलपिक में सबसे सफल पुरुष साइक्लिस्ट हैं.

इतना ही नहीं वो 1908 के बाद पहले ब्रिटिश हैं जिन्होंने एक ओलंपिक में तीन स्वर्ण पदक जीते हैं. इससे पहले 1908 में हेनरी टेलर ने ब्रिटेन के लिए एक ओंलपिक में तीन स्वर्ण जीते थे.

बचपन में क्रिस होय के पड़ोसी ने उन्हें एक पुरानी महिला साइकिल भेंट की जो कि क्रिस होय की पहली साइकिल थी.

इस साधारण शुरुवात ने क्रिस होय को एक ओलंपिक सपना दिया.

लडकियों की साइकिल से शुरुवात करने वाले होय ने आगे बढ़ते हुए 14 साल की उम्र में बीएमएक्स स्कॉटिंश चैंपियनशिप जीती और ब्रिटिश रैंकिग में नम्बर दो स्थान पर जबकि विश्व रैंकिंग में नौवें स्थान पर आ गए.

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सफलता

छोटी शुरुआत के बाद विश्व स्तर पर क्रिस होय ने धमाका किया.

आज तक उनके नाम चार ओलंपिक स्वर्ण के अलावा एक ओलंपिक रजत और ढे़र सारे विश्व चैंपियनशिप खिताब और राष्ट्रमंण्डल खेल पदक हैं.

क्रिस होय ने नाम दो विश्व रिकार्ड हैं. पहला एक किलोमीटर टाइम ट्रायल रन का विश्व रिकार्ड जोकि उन्होनें 2004 ऐथेंस ओलंपिक में बनाया जबकि 200 मीटर टाइम ट्रायल का विश्व रिकार्ड उन्होंने 2008 बीजिंग ओलंपिक के दौरान बनाया.

इसके अलावा 500 मीटर का रिकार्ड में क्रिस होय के नाम है जबकि टीम स्प्रिंट का 750 मीटर का रिकार्ड भी उनके नाम है.

हालांकि होय ने ट्रैक साइक्लिंग की लगभग हर स्पर्धा में जीत हासिल की है लेकिन वो रॉइंग में भी कमाल कर सकते थे.

एडनबर्ग जॉर्ज वॉटसन कॉलेज में पढ़ते हुए उन्होंने जुनियर ब्रिटिश रॉइग चैपियनशिप में भी रजत पदक जीता था. साथ ही वो अपने स्कूल की रग्बी टीम के सदस्य भी रहे हैं.

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