मेहमानों को थाली में रखकर दी सिरीज़

  • 3 जनवरी 2013
महेंद्र सिंह धोनी
Image caption भारत को जीतने के लिए 251 रनों का लक्ष्य मिला था

कोलकाता वनडे में पाकिस्तान को सिर्फ़ 250 रनों पर समेटने में क़ामयाब होने के बाद भारतीय बल्लेबाज़ी पूरी तरह लड़खड़ा गई और 85 रनों से मैच भारत हार गया. भारत की पूरी टीम 165 रनों पर सिमट गई.

इस हार के साथ ही भारत तीन वनडे मैचों की सिरीज़ भी हार गया है क्योंकि इससे पहले चेन्नई के वनडे में भी उसे हार का सामना करना पड़ा था.

भारत ने सँभलते हुए पारी की शुरुआत की थी मगर वीरेंदर सहवाग और गौतम गंभीर की जोड़ी ज़्यादा देर तक नहीं चली. 10वें ओवर में जुनैद ख़ान की गेंद गंभीर के बल्ले को चकमा देकर विकेट छूती हुई गुज़र गई. गंभीर ने तब तक 11 रन बनाए थे.

उसके बाद विराट कोहली भी सिर्फ़ छह रन बनाकर आउट हो गए. उस समय टीम का स्कोर 55 रन था.

भारत को फिर सहवाग और युवराज से उम्मीद थी कि उनका अनुभव टीम के काम आएगा मगर पहले सहवाग और फिर युवराज भी पवेलियन लौट चले.

सहवाग ने 31 रन बनाए और उन्हें उमर गुल ने एलबीडब्ल्यू आउट किया. इसके बाद नौ रन बनाकर युवराज विकेट के पीछे लपके गए.

भारत इस तरह 70 रनों पर चार विकेट खो चुका था. अब सुरेश रैना और भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की वो जोड़ी मैदान पर थी, जिसने इससे पहले भी भारतीय पारी को ज़रूरत पड़ने पर कई मौक़ों पर सँभाला है.

मगर इस मैच में ऐसा नहीं हुआ. सुरेश रैना ने आगे बढ़कर मोहम्मद हफ़ीज़ की गेंद को खोलने की कोशिश की. मगर गेंद सीधे कामरान अकमल के दस्तानों में गई और इससे पहले की रैना का पैर क्रीज़ के अंदर ज़मीन को छूता अकमल ने गिल्लियाँ बिखेर दीं.

इसी तरह आगे बढ़कर खेलने की कोशिश में रविचंद्रन अश्विन भी स्टंप आउट हुए. उन्होंने तीन रन बनाए.

कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने अंत तक रुककर टीम को जिताने की कोशिश की मगर उनका साथ देने के लिए कोई नहीं बचा और पूरी टीम 165 रनों पर सिमट गई. धोनी ने 54 रन बनाए और अंत तक नॉट आउट रहे.

पाकिस्तान की पारी

इससे पहले पाकिस्तान ने भारत के ख़िलाफ दूसरे वनडे मैच में बेहतरीन शुरुआत की लेकिन टीम 48 ओवर तीन गेंदों में मात्र 250 रनों पर ही सिमट गई.

पाकिस्तान के सलामी बल्लेबाज़ों नासिर जमशेद और मोहम्मद हफीज़ ने पहले विकेट के लिए शानदार 141 रन जोड़े और एक समय ऐसा लग रहा था कि दोनों बल्लेबाज़ अपने शतक पूरे कर लेंगे.

लेकिन फिर रविंदर जडेजा ने भारत को पहली सफलता दिलाई मोहम्मद हफीज़ के रुप में.

हफीज़ को 76 रनों के निजी स्कोर पर जडेजा ने बोल्ड कर दिया. हफीज़ ने पचास गेंदों में अर्धशतक बनाया था जबकि 74 रनों पर कुल 76 रन जोड़े.

इसके बाद भी पाकिस्तान के बल्लेबाज़ अज़हर अली हड़बड़ी में रन आउट हो गए. उन्होंने मात्र दो ही रन जोड़े थे कि उन्हें धोनी और सहवाग ने मिलकर रन आउट कर दिया.

सलामी बल्लेबाज़ जमशेद ने अपना शतक पूरा किया मात्र 120 गेंदों में और इसमें उन्होंने 12 चौके और दो शानदार छक्के भी लगाए.

जमशेद को 106 के निजी स्कोर पर धोनी ने स्टंप कर दिया. गेंदबाज़ एक बार फिर रविंदर जडेजा रहे.

इसके बाद तो मानो पाकिस्तान की टीम के बल्लेबाज़ जल्दी जल्दी आउट होने लगे.

यूनिस खान सिर्फ दस रन बनाकर आउट हुए तो मिस्बाह दो ही रन पर पगबाधा हो गए.

शोएब मलिक ने एक दो अच्छे शॉट लगाए लेकिन 24 के निजी स्कोर पर वो इशांत की गेंद पर कैच दे बैठे. कैच लपका युवराज सिंह ने.

कामरान अकमल तो बिना खाता खोले ही पवेलियन लौट गए. उमर गुल ने 17 रनों का योगदान किया.

पाकिस्तान की शुरुआत अच्छी रही लेकिन अंत ठीक नहीं रहा. भारत की तरफ से रविंदर जडेजा और इशांत शर्मा ने तीन-तीन विकेट लिए.

संबंधित समाचार