"रियो ओलंपिक की तैयारी बेहद ख़राब"

  • 4 मई 2014
रियो ओलंपिक इमेज कॉपीरइट Reuters

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) के उपाध्यक्ष जॉन कोट्स का कहना है कि साल 2016 में होने वाले रियो ओलंपिक की अब तक की सबसे "बुरी" तैयारी है.

कोट्स ने कहा कि आईओसी ने अभूतपूर्व कार्रवाई करते हुए स्थानीय आयोजन समिति में विशेषज्ञों को तैनात किया है, ताकि खेलों के आयोजन को सुनिश्चित किया जा सके.

उन्होंने कहा, "जमीनी हालत बेहद ख़राब हैं." कोट्स सिडनी 2000 ओलंपिक खेलों के दौरान ऑस्ट्रेलियाई ओलंपिक कमेटी के मुखिया भी रह चुके हैं.

उन्होंने कहा कि आईओसी को इस देरी का जवाब ढूंढ़े नहीं मिल रहा है.

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उनका कहना था, "इस समय कोई भी जवाब देने की स्थिति में नहीं है."

यह ख़बर ऐसे समय आई है जब ब्राज़ील के सामने फीफा विश्व कप को समय से कराने की चुनौती है, जो क़रीब डेढ़ महीनों के अंदर शुरू होने वाला है.

लगभग 40 वर्षों से ओलंपिक खेलों के साथ जुड़े रहे कोट्स तैयारी की निगरानी के सिलसिले में रियो का अब तक छह बार दौरा कर चुके हैं.

उन्होंने बताया कि स्थानीय आयोजन कमेटी में तैनात किए जाने वालों में एक विशेषज्ञ भवन निर्माण मामले के परियोजना प्रबंधक हैं.

"कई जगह निर्माण शुरू भी नहीं"

उन्होंने कहा, "यह अभूतपूर्व है लेकिन कोई दूसरी योजना नहीं है. हम रियो जा रहे हैं."

आईओसी अध्यक्ष ने तैयारियों के संदर्भ में कहा कि यह 2004 से भी बुरी है. 2004 में एथेंस खेलों के दौरान भी तैयारियों को लेकर चिंताएं थीं.

कोट्स ने कहा, "हम बहुत चिंतित हैं. खेल स्थल कई मायनों में तैयार नहीं हैं और आईओसी का मानना है कि इन्हें तैयार करना ही होगा. आप इससे आंखें नहीं चुरा सकते."

उन्होंने बताया कि रियो में कई जगहों पर तो अभी निर्माण भी नहीं शुरू हुआ है, जबकि यह दक्षिणी अफ़्रीकी देशों का पहला ओलंपिक है.

उनका कहना था कि आधारभूत संरचनाओं को खड़ा करने में बहुत देर हो गई है और शहर में सामाजिक मुद्दे भी हैं, जिन्हें हल करना ज़रूरी है.

उन्होंने कहा कि लंदन ओलंपिक की तरह ही यहां तैयारियों में कुल 600 कर्मचारी लगे हुए हैं, लेकिन उनके पास ज़रूरी अनुभव नहीं है.

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