मैक्सिको

  1. मेक्सिको, ब्राज़ील ने ब्रिटेन की तरह एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन पर रोक लगाने से इनकार किया

    एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन

    मेक्सिको और ब्राज़ील के स्वास्थ्य नियामकों ने कहा है कि वो ब्रिटेन की तरह 30 साल से कम उम्र वालों को एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन ना देने का निर्णय नहीं ले रहे हैं.

    बुधवार को ब्रिटेन की दवा नियामक संस्था ने कहा था कि 30 साल के कम उम्र के लोगों को एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन नहीं दी जाएगी और उन्हें इसका कोई दूसरा विकल्प दिया जाएगा.

    नियामक संस्था का कहना है कि एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन लेने के बाद ब्लड क्लॉटिंग (ख़ून का थक्का जमना) की शिकायत मिलने की वजह से ऐसा किया गया है.

    नियामक संस्था ने अपनी जाँच में पाया है कि मार्च के आख़िर तक यूके में जिन लोगों को भी एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन दी गई, उनमें से 79 लोग ब्लड क्लॉटिंग के शिकार हुए और उनमें से 19 लोगों की मौत हो गई.

    लेकिन मेक्सिको और ब्राज़ील ने इसे मिसाल मानने से इनकार कर दिया है. उन्होंने कहा है कि वो इसकी और गहन जाँच करना चाहते हैं.

    मेक्सिको की स्वास्थ्य नियामक संस्था ने कहा, “इस समय, हम किसी भी आयु वर्ग के लिए एस्ट्राज़ेनेका के इस्तेमाल पर रोक नहीं लगा रहे हैं.”

    वहीं ब्राज़ील ने भी कहा है कि मौजूदा समय में इस वैक्सीन के फ़ायदे, इससे होने वाले नुकसान से कहीं ज़्यादा हैं.

    इस पर बात करते हुए ब्राज़ील की स्वास्थ्य नियामक संस्था ने कहा कि ब्राज़ील में 40 लाख से ज़्यादा लोगों को एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन की डोज़ दी जा चुकी है, जिनमें से 47 लोगों में ब्लड क्लॉटिंग (ख़ून का थक्का जमना) की शिकायत मिली है.

    वहीं सरकारी आँकड़ों के मुताबिक़, ऑक्सफ़र्ड यूनिवर्सिटी के विज्ञानियों द्वारा विकसित एस्ट्राज़ेनेका वैक्सीन की 35 से ज़्यादा डोज़ मेक्सिको में दी जा चुकी हैं.

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  3. कोविड: मेक्सिको, चिली और कोस्टा रिका में टीकाकरण शुरू

    नर्स

    मेक्सिको की एक नर्स लैटिन अमेरिका में कोरोना का टीका लगवाने वाली पहली शख़्स बन गई हैं. मेक्सिको ने गुरुवार को अपने टीकाकरण कार्यक्रम की शुरुआत की थी.

    मेक्सिको को शुरुआत में यूएस-जर्मन फाइज़र-बायोएनटेक वैक्सीन की 3,000 खुराक मिली थीं. यहां अमेरिका, ब्राज़ील और भारत के बाद माहमारी की वजह से दुनिया में सबसे ज़्यादा मौतें हुई हैं.

    इसके कुछ वक़्त बाद गुरुवार को ही, चिली और कोस्टा रिका ने भी अपने यहां फाइज़र-बायोएनटेक वैक्सीन लगाना शुरू कर दिया.

    अर्जेंटीना भी अगले कुछ दिनों में टीकाकरण शुरू करेगा, लेकिन उसने शुरुआत में टीकाकरण के लिए रूस में बनी स्पुत्निक वी वैक्सीन को चुना है. गुरुवार सुबह राजधानी ब्यूनस आयर्स में वैक्सीन की तीन लाख खुराक डिलिवर हुई.

    वहीं क्षेत्र में सबसे ज़्यादा मौतें झेलने वाले ब्राज़ील की फरवरी के मध्य तक टीकाकरण शुरू करने की कोई योजना नहीं है. जबकि वहां मामलों की संख्या में लगातार वृद्धि दर्ज की गई है.

    ब्राज़ील के राष्ट्रपति ज़ाएर बोलसोनारो ने कहा कि वो टीका लगवाने के बारे में नहीं सोच रहे हैं. उनका मानना है कि उनके अंदर कोरोना वायरस के ख़िलाफ़ रोग प्रतिरोधक शक्ति विकसित हो गई है. वो इस साल की शुरुआत में कोरोना पॉज़िटिव हुए थे.

    कोविड: मेक्सिको, चिली और कोस्टा रिका में टीकाकरण शुरू
  4. मेक्सिको में कोविड-19 से मरने वालों की संख्या एक लाख से अधिक हुई

    Reuters

    मेक्सिको में भी कोविड-19 से मरने वालों की संख्या अब एक लाख से अधिक हो गई है.

    मेक्सिको चौथा ऐसा देश है जहाँ कोविड से मरने वालों की संख्या एक लाख से अधिक हो गई है.

    दुनिया में स्पैनिश भाषा बोलने वालों के सबसे बड़े देश- मेक्सिको से यह ख़बर ऐसे समय में आई है, जब वहाँ कुछ दिन पहले ही एक दिन में संक्रमण के एक लाख से ज़्यादा मामले दर्ज किये गए थे.

    सरकारी अधिकारियों का कहना है कि संक्रमित लोगों की असल संख्या अनुमान से कहीं ज़्यादा हो सकती है.

    मेक्सिको से पहले, अमेरिका, ब्राज़ील और भारत में ही कोविड-19 की वजह से एक लाख से ज़्यादा लोगों की मौत दर्ज की गई थी.

    आलोचक काफ़ी समय से मेक्सिको के राष्ट्रपति पर महामारी को लेकर ख़राब योजना बनाने का आरोप लगाते रहे हैं.

    मार्च में मेक्सिको की सरकार ने यह विज्ञापन भी चलाया था कि ‘कोरोना महामारी कोई इमरजेंसी नहीं है’ और राष्ट्रपति ने मीडिया से कहा था कि ‘ईश्वर से प्रार्थना करके ही इस महामारी से बचा जा सकता है.’

  5. पाब्लो उचोआ

    बीबीसी वर्ल्ड सर्विस

    यूजीन चाउ

    सिंगापुर में एक मैनेजमेंट छात्र ने अपने परीक्षा के नोट्स बेचना शुरू किया, जिसे छात्रों ने हाथों हाथ लिया.

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  6. मेक्सिको में मरने वालों की संख्या 60 हज़ार के पार

    कोरोना, मैक्सिको

    मेक्सिको में कोरोना वायरस से मरने वालों की संख्या 60 हज़ार पार कर गई है. इससे ज़्यादा मौतें सिर्फ़ अमरीका और ब्राज़ील में हुईं हैं.

    लेकिन राष्ट्रपति एंड्रेस मैनुअल लोपेज़ ओबराडोर ने रविवार को कहा कि उनके देश में कोरोना का प्रकोप कम हो रहा है.

    उनके कहने का आधार ये था कि कोरोना से मरने वालों के साप्ताहिक आँकड़ों के अनुसार 33 वें हफ़्ते में मरने वालों की संख्या में कमी देखी गई.

    सोशल मीडिया पर जारी एक वीडियो संदेश में राष्ट्रपति ने कहा, "यह अपनी ताक़त खो रहा है, संक्रमण कम हो रहे हैं और सबसे अहम बात ये है कि मौतें कम हो रहीं हैं."

    राष्ट्रपति ये घोषणा उस दिन की जिस दिन देश में कोरोना से मरने वालों की संख्या 60 हज़ार पार कर गई.

    स्थानीय मीडिया ने कहा कि 60 हज़ार का आँकड़ा तो मेक्सिको के कोरोना विशेषज्ञ ने सबसे बुरी स्थिति में बताया था और उस संख्या को उन्होंने उस समय विनाशकारी क़रार दिया था.

  7. जेम्स गैलाघर

    बीबीसी संवाददाता

    कोरोना, चीन

    जानकार कहते हैं कि इस वायरस को अभी पूरी तरह समझा नहीं जा सका है. लोगों की उम्मीदें वैक्सीन पर टिकी हैं, लेकिन ये कितनी कारगर होगी इस पर भी सवाल हैं.

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  8. डॉक्टर एंथनी फ़ाउची

    भारत में पिछले 24 घंटे में कोरोना संक्रमण के 64,553 के नए मामले सामने आए और 1,007 लोगों की मौत हो गई. कोरोना महामारी पर लाइव अपडेट.

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  9. अमरीका

    कोरोना वायरस संक्रमण से जुड़े हर ज़रूरी और बड़े अपडेट आपको यहां मिलेंगे. बीबीसी का यह लाइव पेज 24 घंटे उपलब्ध है.

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  10. प्रणब मुखर्जी

    कोरोना वायरस संक्रमण से जुड़े हर ज़रूरी और बड़े अपडेट आपको यहां मिलेंगे. बीबीसी का यह लाइव पेज 24 घंटे उपलब्ध है.

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